नासिक जल संकट के बीच हजारों लीटर पानी बर्बाद, तपोवन में मुख्य जलवाहिनी का वाल्व लीक
Nashik Water Leakag: नासिक के तपोवन में जनार्दन स्वामी आश्रम के पास मुख्य जलवाहिनी के वाल्व में रिसाव के कारण रोज हजारों लीटर शुद्ध पानी बह रहा है। प्रशासन की इस लापरवाही से जनता में भारी रोष है।
- Written By: रूपम सिंह
नासिक पाइपलाइन (सोर्स- सोशल मीडिया)
Nashik Water Leakag Tapovan Pipeline Damage: नासिक शहर जहां एक ओर भीषण जल संकट का सामना कर रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रशासनिक लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है। तपोवन क्षेत्र स्थित राष्ट्रसंत श्री जनार्दन स्वामी आश्रम के पास मुख्य जलवाहिनी के वाल्व से पिछले कई दिनों से लगातार पानी का रिसाव हो रहा है। इस वजह से प्रतिदिन हजारों लीटर शुद्ध पेयजल बिना उपयोग के बहकर बर्बाद हो रहा है।
पानी की कटौती के बीच बढ़ी लोगों की नाराजगी
शहर के कई हिस्सों में पानी की कमी के चलते जलापूर्ति में कटौती लागू है। ऐसे समय में पेयजल की इस तरह हो रही बर्बादी ने स्थानीय नागरिकों का गुस्सा बढ़ा दिया है। लोगों का कहना है कि जब प्रशासन स्वयं पानी बचाने की अपील कर रहा है, तब जल आपूर्ति व्यवस्था की ऐसी खामियों को समय रहते ठीक न करना गंभीर लापरवाही है।
तत्काल मरम्मत की उठी मांग
स्थानीय निवासियों और राहगीरों ने नगर निगम तथा जलापूर्ति विभाग से पाइपलाइन के लीकेज को तत्काल दुरुस्त करने की मांग की है। उनका कहना है कि समय पर मरम्मत नहीं होने से हर दिन बड़ी मात्रा में पेयजल नष्ट हो रहा है, जिसका खामियाजा पूरे शहर को भुगतना पड़ सकता है।
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जल संरक्षण पर उठे सवाल
विशेषज्ञों का मानना है कि जल संकट के दौर में वितरण व्यवस्था में होने वाली लीकेज पर तत्काल नियंत्रण जरूरी है। पाइपलाइन की नियमित निगरानी और समय पर मरम्मत से बड़ी मात्रा में पानी बचाया जा सकता है। नागरिकों ने भी प्रशासन से जल संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए ऐसी घटनाओं पर त्वरित कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि पानी की बर्बादी रोकी जा सके और संकट के समय उपलब्ध जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित हो।
