नासिक में एक बार फिर चर्चा में आया नीला ड्रम, घर-घर जाकर बेच रहे विक्रेता, जानिए क्यों बढ़ रही है डिमांड?
Nashik Water Crisis: नासिक के ग्रामीण क्षेत्रों में जलसंकट गहराने से पानी सहेजने के लिए प्लास्टिक ड्रमों की मांग बढ़ गई है। विक्रेता मोटरसाइकिल और साइकिल पर ड्रम लादकर गांवों में बेच रहे हैं।
- Written By: रूपम सिंह
नीला ड्रम (सोर्स- सोशल मीडिया)
Nashik Water Crisis Plastic Drum Demand: नासिक जिले में लगातार गहराते जल संकट का असर अब ग्रामीण क्षेत्रों के जनजीवन पर भी साफ दिखाई देने लगा है। पीने और दैनिक उपयोग के लिए पानी की उपलब्धता कम होने से लोगों को पानी के सुरक्षित भंडारण की चिंता सताने लगी है। इसी वजह से गांवों में प्लास्टिक के ड्रम और बड़े पानी के कैन की मांग में अचानक तेज बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।
घर-घर पहुंचकर ड्रम बेच रहे विक्रेता
बढ़ती मांग को देखते हुए स्थानीय विक्रेताओं ने भी अपनी बिक्री का तरीका बदल दिया है। अब वे मोटरसाइकिल, साइकिल और छोटे मालवाहक वाहनों पर बड़ी संख्या में नीले रंग के प्लास्टिक ड्रम और पानी के कैन लादकर सीधे गांव-गांव और घर-घर पहुंच रहे हैं। इससे ग्रामीणों को बाजार जाने की जरूरत नहीं पड़ रही और उन्हें अपनी आवश्यकता के अनुसार पानी संग्रहण के साधन आसानी से मिल रहे हैं।
टैंकरों पर बढ़ी निर्भरता
जल संकट के कारण कई गांवों में पेयजल की आपूर्ति टैंकरों के माध्यम से की जा रही है। टैंकर आने पर सीमित समय में अधिक से अधिक पानी भरने की होड़ लग जाती है। ऐसे में पर्याप्त भंडारण क्षमता नहीं होने से कई परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी कारण लोग बड़े प्लास्टिक ड्रम खरीदकर पानी का सुरक्षित संग्रह कर रहे हैं।
सम्बंधित ख़बरें
रेत घाट बंद होने के बावजूद खनन जारी, गड़चिरोली में उच्चस्तरीय जांच और कार्रवाई की मांग तेज
मटन के साथ खाया दही, बुजुर्ग महिला की मौत और पति आईसीयू में भर्ती, नासिक के आखतवाडे गांव में मचा हड़कंप
पहले बनाई सीमेंट रोड, अब नाली के लिए तोड़ेंगे; कलमना मंडी में योजनाहीन विकास से सरकारी धन की बर्बादी!
वर्धा खाद्य-पेय विक्रेता संघ की नई कार्यकारिणी का गठन, व्यापारियों की समस्याओं के समाधान का भरोसा
यह भी पढ़ें:- सिंहस्थ कुंभ 2027 की तैयारी तेज, नासिक पुलिस बल को मिले 3 नए एसीपी, अनुभवी अधिकारियों को सेवा
हर बूंद बचाने की कोशिश
नासिक ग्रामीण परिवार पानी की एक-एक बूंद का सदुपयोग करने पर जोर दे रहे हैं। लंबे समय तक पानी सुरक्षित रखने और उसकी बर्बादी रोकने के लिए बड़े ड्रमों और कैनों का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। जल संकट के इस दौर में पानी संग्रहण से जुड़े उत्पाद ग्रामीण बाजार में सबसे अधिक मांग वाले सामानों में शामिल हो गए हैं।
संकट ने बढ़ाया नए कारोबार का दायरा
जल संकट ने जहां आम लोगों की मुश्किलें बढ़ाई हैं, वहीं प्लास्टिक ड्रम बेचने वाले छोटे कारोबारियों के लिए यह नया अवसर बनकर सामने आया है। गांवों में घूम-घूमकर बिक्री करने वाले विक्रेताओं की मांग लगातार बढ़ रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जल्द पर्याप्त बारिश नहीं हुई, तो पानी के भंडारण से जुड़े उत्पादों की मांग आने वाले दिनों में और बढ़ सकती है।
