होटल में पनीर की जगह ‘एनालॉग’ के इस्तेमाल पर होगी कार्रवाई, मेनू कार्ड पर जानकारी देना अनिवार्य
FSSAI Guidelines: होटलों में पनीर की जगह एनालॉग इस्तेमाल पर अब सख्त नियम लागू होंगे, जिसमें मेनू कार्ड पर स्पष्ट जानकारी देना अनिवार्य होगा, अन्यथा लाइसेंस रद्द किया जा सकता है।
- Written By: आंचल लोखंडे
Food Safety (सोर्सः फाइल फोटो- सोसल मीडिया)
Maharashtra Food Safety: होटलों और रेस्टोरेंट में शुद्ध पनीर के नाम पर सस्ता और मिलावटी चीज एनालॉग परोसकर ग्राहकों के साथ होने वाली धोखाधड़ी को रोकने के लिए सरकार ने कड़ा कदम उठाया है। अब यदि होटल प्राकृतिक पनीर के स्थान पर चीज एनालॉग का उपयोग करते हैं, तो उन्हें मेनू कार्ड या इलेक्ट्रॉनिक डिस्प्ले बोर्ड पर इसका स्पष्ट उल्लेख करना कानूनी रूप से अनिवार्य होगा। खाद्य एवं औषधि प्रशासन मंत्री नरहरी झिरवाल के आदेश के बाद महाराष्ट्र में इस मुहिम की शुरुआत कर दी गई है।
महाराष्ट्र द्वारा शुरू की गई इस पहल का संज्ञान लेते हुए केंद्र सरकार के भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने भी एक परिपत्र जारी कर इस नियम को देश भर में लागू कर दिया है। शुद्ध पनीर की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए महाराष्ट्र द्वारा दिखाई गई यह दिशा अब पूरे देश के लिए मार्गदर्शक साबित होगी। गौरतलब है कि विधानमंडल में जनप्रतिनिधियों ने पनीर के नाम पर हो रही धोखाधड़ी का मुद्दा उठाया था, जिसके बाद मंत्री झिरवाल ने शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए यह निर्णय लिया।
नियम उल्लंघन पर रद्द होगा होटल का लाइसेंस
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा जारी नए नियमों के अनुसार, यदि किसी व्यंजन में दूध से बने प्राकृतिक पनीर के बजाय वनस्पति फैट्स से बने एनालॉग का उपयोग किया गया है, तो ग्राहकों को इसकी जानकारी देना अनिवार्य है। 1 मई से इस नियम को कड़ाई से लागू किया जाएगा। जो होटल संचालक इस जानकारी को छिपाएंगे, उन पर खाद्य सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी और उनका लाइसेंस स्थायी रूप से रद्द किया जा सकता है। प्रशासन ने अपील की है कि यदि ग्राहकों को गुमराह किया जाता है, तो वे टोल फ्री नंबर 1800-222-365 पर शिकायत दर्ज कराएं।
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पनीर और एनालॉग में क्या है अंतर?
पनीर पूरी तरह से दूध से तैयार किया जाने वाला पदार्थ है। वहीं, डेयरी एनालॉग दूध के अलावा खाद्य तेल, स्टार्च, इमल्सीफायर और अन्य रसायनों का उपयोग करके बनाया जाता है। यह दिखने में बिल्कुल पनीर जैसा होता है, लेकिन पनीर नहीं होता। जांच में पाया गया है कि कई होटल, उपहार गृह और फास्ट फूड विक्रेता लागत कम करने के लिए बड़े पैमाने पर चीज एनालॉग का उपयोग कर रहे हैं।
