कोंकण का हापुस उत्पादक किसान संकट में ! लगातार कम हो रही आम की फसल, 19 वां मैंगो फेस्टिवल 1 मई से

Konkan Hapus Mango: कोंकण में हापुस आम की घटती पैदावार से किसान आर्थिक संकट में हैं, वहीं ठाणे में 1 मई से शुरू होने वाला मैंगो फेस्टिवल किसानों को सीधा बाजार उपलब्ध कराने का प्रयास करेगा।
konkan hapus mango production decline farmers crisis mango festival thane
Thane Mango Festival (सोर्सः सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Thane Mango Festival: कोंकण के हापुस आम की मिठास व महक सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में फैली हुई है। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में बदलते खराब मौसम की वजह से आम की पैदावार लगातार घट रही है। इससे कोंकण का आम उत्पादक किसान आर्थिक संकट में आ गया है। ठाणे में हर साल आम महोत्सव का आयोजन करने वाले विधायक संजय केलकर ने कहा कि कोंकण के आम उत्पादकों को सरकार से मदद की जरूरत है।

1.80 लाख हेक्टेयर पर आम की खेती

विधायक केलकर ने कहा कि कोंकण में कुल एक लाख 80 हज़ार हेक्टेयर ज़मीन पर आम की खेती होती है। 2023 में, कोंकण में आम की पैदावार दो लाख 56 हज़ार मीट्रिक टन थी। इसमें से 198 करोड़ रुपये के आम मुंबई और पूरे भारत में बिके और 79 करोड़ रुपये के आम एक्सपोर्ट किए गए। यह इनकम हर साल कम होती गई। 2024 में यह एक लाख 28 हज़ार मीट्रिक टन थी और 126 करोड़ रुपये के आम बिके और 54 करोड़ रुपये के आम एक्सपोर्ट किए गए। 2025 में, प्रोडक्शन एक लाख 10 हज़ार मीट्रिक टन था। देश भर में 100 करोड़ रुपये के आम बिके और 45 करोड़ रुपये के आम एक्सपोर्ट किए गए।

इस साल भी स्थिति गंभीर

इस साल बेमौसम बारिश और बादल छाए रहने की वजह से कुछ जगहों पर फूल जल गए तो कुछ जगहों पर फल गिर गए। थ्रिप्स बीमारी और टिड्डी कीड़े के प्रकोप की वजह से आम की सिर्फ़ पंद्रह परसेंट फ़सल ही तैयार हो पाई है। इसलिए, पिछले 11 सालों से कोंकण में किसान लगातार आर्थिक तंगी में हैं। दूसरी तरफ कम उत्पादन की वजह से हापुस महंगा भी हुआ है।

ठाणेकर्स असली हापुस आम का स्वाद चखेंगे..

केलकर के नेतृत्व में संस्कार व कोंकण विकास प्रतिष्ठान द्वारा 19वां मैंगो फेस्टिवल 1 से 10 मई तक गावदेवी मैदान में आयोजित किया गया है। MLA संजय केलकर ने भरोसा जताया कि समझदार ठाणेकर इस पूरी स्थिति पर हमदर्दी से विचार करेगा और आम महोत्सव के दौरान ज़्यादा से ज़्यादा आम खरीदकर कोंकण के किसानों का साथ देगा। इस महोत्सव का उद्देश्य किसानों से सीधे ग्राहकों तक आम पहुंचाना होता है,ताकि दोनों को लाभ मिल सके।

कोंकण के असली हापुस, पायरी, रत्ना, केसर आमों के साथ-साथ फेस्टिवल में आम-फनस पोली, शर्बत, काजू, मालवणी मसाले, पापड़, पोहा, वगैरह जैसे अलग-अलग क्वालिटी के कोंकणी प्रोडक्ट्स के 45 स्टॉल लगाए जाएंगे। इस महोत्सव की जानकारी देने आयोजित पत्रकार परिषद में संस्कार सेवाभाई संस्था के प्रेसिडेंट MLA संजय केलकर के साथ MLA निरंजन डावखरे, पूर्व डिप्टी मेयर सुभाष काले, अशोक भोईर, नगरसेवक सीताराम राणे, भरत चव्हाण, विकास पाटिल, कोंकण विकास प्रतिष्ठान के राजेंद्र तावड़े, संस्कार संस्था के महेश विनेरकर, संतोष सालुंखे, कैलास म्हात्रे, ओमकार चव्हाण आदि पदाधिकारी मौजूद थे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com