Nashik Ozhar Civic Building Project ( सोर्स:सोशल मीडिया )
Nashik Ozhar Civic Building Project: नासिक ओझर शहर के बढ़ते विस्तार और प्रशासनिक जरूरतों के लिए आवश्यक नगर परिषद की नई इमारत का प्रश्न फिलहाल चर्चा के केंद्र में है। विधायक निधि से मंजूर 6 करोड़ रुपये की लागत वाली इस प्रशासनिक इमारत की जगह को लेकर ‘यात्रा कमेटी’ और स्थानीय नेताओं के बीच खींचतान बनी हुई है।
इसी पृष्ठभूमि में खंडेराव महाराज मंदिर में आयोजित सर्वदलीय बैठक तकनीकी और न्यायिक पेचीदगियों के कारण फिलहाल बेनतीजा रही, यह इमारत सायखेडा फाटा इलाके में स्थित ‘यात्रा मैदान’ के कोने पर प्रस्तावित है।
भविष्य में खंडोबा यात्रा के विस्तार और मैदान की आवश्यकता को देखते हुए कमेटी ने इस जगह का विरोध किया है। राकांपा गटनेता प्रमोद कुटे का मानना है कि यह जगह शहर के बीचों-बीच होने के कारण नागरिकों के लिए सुविधाजनक है।
रामू पाटिल-कदम ने मुद्दा उठाया कि बढ़ती भीड़ को देखते हुए यह जगह भविष्य में अपर्याप्त साबित होगी। प्रस्तावित जगह पर मौजूदा अतिक्रमण और पीछे के दुकानदारों द्वारा लाया गया कोर्ट का स्टे (स्थगन आदेश) सबसे बड़ा रोड़ा बना हुआ है।
भाजपा के जिलाध्यक्ष यतीन कदम ने एक ‘बीच का रास्ता निकालने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि गाव में सरकारी जमीन की कमी है, इसलिए दुकानदारों से चर्चा कर उन्हें नई इमारत में ही दुकाने देकर उनका पुनर्वसन किया जाना चाहिए।
नागरिकों ने इस प्रस्ताव पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। पूर्व विधायक अनिल कदम ने मुंबई के सीएसएमटी स्टेशन का उदाहरण देते हुए कहा कि विकास कार्य अगले 50 से 100 वर्षों को ध्यान में रखकर किए जाने चाहिए।
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बैठक के बाद सभी उपस्थितों ने प्रत्यक्ष रूप से जगह का निरीक्षण किया। उन्होंने विश्वास जताया कि यदि अतिक्रमण और कानूनी मामलों पर सकारात्मक समाधान निकलता है, तो इमारत का काम जल्द शुरू हो सकेगा, बैठक में मारुति मंदिर परिसर में मंजूर पुल को लेकर भी चर्चा हुई।