नासिक के पर्यटकों ने कजाकिस्तान में लहराया तिरंगा, स्वतंत्रता दिवस पर विदेशों में लगे भारत माता की जय के नारे

Indian Tricolor In Kazakhstan: कजाकिस्तान में नासिक के पर्यटकों ने तिरंगा फहराकर स्वतंत्रता दिवस मनाया। भारत माता की जय और वंदे मातरम के नारों से विदेश में देशभक्ति का माहौल बना।
Nashik Tourists Celebrate Independence Day In Kazakhstan
नासिक के पर्यटकों ने कज़ाकिस्तान में स्वतंत्रता दिवस मनाया(फोटो नवभारत)
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Nashik Tourists Celebrate Independence Day: भारत से हजारों किलोमीटर दूर कजाकिस्तान की धरती पर भी भारतीय स्वतंत्रता दिवस का उत्साह और देशभक्ति का जज्बा देखने को मिला।

नासिक से कजाकिस्तान की यात्रा पर गए पर्यटकों के एक दल ने 15 अगस्त के अवसर पर गर्व से तिरंगा फडककर भारत का 80वां स्वतंत्रता दिवस धूमधाम से मनाया। विदेशों में शान से लहराते तिरंगे को देखकर वहां मौजूद नासिकवासियों का सीना गर्व से चौड़ा हो गया।

नासिक नगर निगम के पूर्व पार्षद एवं महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रदेश उपाध्यक्ष सलीम शेख, पूर्व पार्षद राजू लवटे, राहुल जाजू और अभय महादास सहित नासिक के पर्यटकों का एक समूह इन दिनों पर्यटन के सिलसिले में कजाकिस्तान में है। इस विदेश दौरे के दौरान ही 15 अगस्त का पर्व आने पर उन्होंने वतन से दूर रहकर भी भारतीय परंपरा के अनुसार स्वतंत्रता दिवस मनाने का निर्णय लिया।

देशभक्ति के नारों से गूंजा कजाकिस्तान

कजाकिस्तान के खूबसूरत प्राकृतिक नजारों के बीच नासिक से पहुंचे पर्यटकों ने भारतीय तिरंगा फहराकर स्वतंत्रता दिवस को खास और यादगार बना दिया। विदेश की धरती पर तिरंगा शान से लहराते ही वहां मौजूद भारतीयों में देशभक्ति और गर्व की भावना देखने को मिली।

सभी लोगों ने पूरे सम्मान के साथ राष्ट्रध्वज को सलामी दी और भारत माता की जय तथा वंदे मातरम के नारों से माहौल गूंज उठा। इस दौरान पर्यटकों ने एक-दूसरे को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं और देश की आजादी के लिए बलिदान देने वाले स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया।

हजारों किलोमीटर दूर होने के बावजूद भारतीय संस्कृति, परंपरा और मातृभूमि से उनका जुड़ाव साफ नजर आया। कजाकिस्तान की धरती पर तिरंगा फहराने का यह दृश्य वहां मौजूद भारतीयों के लिए भावुक और गर्व का क्षण रहा। इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि भारतीयों का देशप्रेम सीमाओं और दूरियों से परे है और विदेश में रहकर भी देश के प्रति उनका सम्मान और प्रेम कायम रहता है।

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सलीम शेख की पहल पर हुआ आयोजन

पूर्व पार्षद सलीम शेख की पहल पर आयोजित यह सराहनीय प्रयास नासिकवासियों के लिए अत्यंत गर्व का विषय साबित हुआ। कजाकिस्तान की भूमि पर फहराए गए तिरंगे ने यह संदेश दोहराया कि 'देश से दूरी कितनी भी क्यों न हो, दिल हमेशा भारत में ही बसता है।'

पर्यटन के दौरान नासिक के नागरिकों द्वारा दिखाए गए देशभक्ति के इस अनोखे रंग ने 80वां स्वतंत्रता दिवस की स्मृतियों को एक यादगार और भावनात्मक पहलू दे दिया।

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