नासिक कानून व्यवस्था( सोर्स: सोशल मीडिया )
Nashik Crime Control Measures: नासिक शहर में बढ़ती आपराधिक वारदातों और की कानून-व्यवस्था बिगड़ती स्थिति को लेकर भारतीय जनता पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक से मुलाकात की और उन्हें एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
पुलिस आयुक्त ने ज्ञापन स्वीकार करते हुए सभी संबंधित मामलों की निष्पक्ष जांच करने और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया है। शहराध्यक्ष सुनील केदार और उपस्थित विधायकों ने शहर के कुछ गंभीर मुद्दों पर तत्काल पुलिस हस्तक्षेप की मांग की।
टीसीएस में कथित तौर पर सामने आए ‘कॉपरिट लव जिहाद’ मामले की गहन और तकनीकी जांच की मांग की गई। भोंदू खरात और रवींद्र एरंडे से संबंधित प्रकरणों की निष्पक्ष जांच कर कड़ी सजा सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
शहर में बढ़ती अवैध शराब की बिक्री, ड्रग्स माफिया और युवाओं में फैल रही नशाखोरी को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाने का आग्रह किया गया। अतिक्रमण और अवैध व्यवसायों पर प्रहार प्रतिनिधिमंडल ने शहर की बुनियादी सुरक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए कई सुझाव दिए।
नियम विरुद्ध चल रहीं पान की टपरियों और अनधिकृत होटलों पर तत्काल कार्रवाई की जाए। सड़कों पर बढ़ते अतिक्रमण के कारण यातायात और सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है, जिसे हटाने की मांग की गई, सार्वजनिक स्थानों और शैक्षणिक संस्थानों के पास पुलिस की मुस्तैदी बढ़ाकर महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई।
विधायकों और पदाधिकारियों ने कहा कि हालिया आपराधिक घटनाओं से नासिक की छवि धूमिल हो रही है।
आगामी सिंहस्थ कुंभ मेले को देखते हुए शहर की कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता है, ताकि श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकी में भय का माहौल न रहे।
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इस अवसर पर शहराध्यक्ष सुनील केदार, विधायक प्रा। देवयानी फरांदे, विधायक सीमा हिरे, विधायक राहुल ढिकले, महासचिव सुनील देसाई, श्याम बडोदे, रश्मि हिरे-बेडाले, प्रवीण पाटिल, स्वाति भामरे, सध्या कुलकर्णी, प्रशांत वाघ, अक्षय गांगुर्डे, गोपी राजपूत, स्वराज ताजनपुरे सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।