डिजिटल जनगणना की तैयारी तेज, नासिक में 138 फील्ड ट्रेनर्स को प्रशिक्षण; HLO ऐप से डेटा कलेक्शन

Nashik Field Trainers Census: नासिक में जनगणना 2027 की तैयारी तेज है। 138 फील्ड ट्रेनर्स को डिजिटल डेटा संग्रह और HLO ऐप के जरिए प्रैक्टिकल प्रशिक्षण दिया गया।
Preparations for Digital Census Intensify: 138 Field Trainers Undergo Training in Nashik; Data Collection via HLO App
जनगणना 2027( सोर्स: सोशल मीडिया )
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Nashik Digital Survey: नासिक केंद्र सरकार द्वारा घोषित राष्ट्रीय जनगणना 2027 के लिए नासिक जिला प्रशासन ने अपनी तैयारी तेज कर दी है। राज्य में यह अभियान 1 मई से प्रत्यक्ष रूप से शुरू होने जा रहा है।

इसके लिए नासिक जिले के 138 फील्ड ट्रेनर को प्रशिक्षित किया जा रहा है। जिलाधिकारी एवं मुख्य जनगणना अधिकारी के आदेशानुसार, फील्ड ट्रेनर के दो वैचों का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है।

डिजिटल जनगणना और प्रत्यक्ष फील्ड ट्रेनिंग: प्रशिक्षण में जनगणना के महत्व और डिजिटल रूप से डेटा संकलित करने के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

नासिक रोड के विभागीय प्रशिक्षण केंद्र में आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षुओं को गोरेवाड़ी और जेल रोड क्षेत्र में प्रत्यक्ष रूप से फील्ड प्रशिक्षण दिया गया।

एचएलओ एप प्रशिक्षुओं ने एप्लिकेशन का उपयोग करके घर की गणना का व्यावहारिक अनुभव लिया ताकि डेटा संकलन में कोई त्रुटि न रहे। नायच तहसीलदार चेतन कोनकर, राहुल मुलीक, विजय कच्छवे और पंकज नेवसे ने इस प्रशिक्षण का नेतृत्व किया।

जनगणना 2027: एक नजर में

प्रशिक्षित फीला ट्रेनर: 138।

अभियान की शुरुआत: 1 मई 2026।

कुल प्रश्नों की संख्या: 33।

प्रशिक्षण की अंतिम तिथि 15 अप्रैल।

आपसे पूछे जाएंगे ये 33 जरूरी सवाल

जनगणना अभियान के दौरान प्रत्येक परिवार से कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे, इनमें मुख्य रूप से निम्नलिखित जानकारियां शामिल है, मकान नंबर, फर्श, दीवार और छत के निर्माण में इस्तेमाल की गई सामग्री सदस्यों की संख्या, मुखिया का नाम, लिंग और सामाजिक वर्ग (एस.सी एस.टी. या अन्य), पीने के पानी का स्रोत, बिजली, ऊर्जा के साधन, शौचालय की बावस्था और जल निकासी।

रसोई गैस (एलपीजी पीएनजी), घर में कमरों की संख्या, इंटरनेट सुविधा, लैपटॉप, मोबाइल नंबर और वाहनों (साइकिल, कार, स्कूटर आदि) की जानकारी, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि 15 अप्रैल तक सभी प्रशिक्षण सत्र पूरे कर लिए जाएंगे।

इसके ठीक बाद 1 मई से जनगणना का काम पूरे जिले में व्यवस्थित तरीके से शुरू होगा, इस बार डिजिटल माध्यमों का उपयोग अधिक होने से डेटा का विश्लेषण अधिक तेज और सटीक होने की उम्मीद है।

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