

RTI application fee in Maharashtra: देश में पारदर्शिता लाने के लिए सूचना का अधिकार कानून (RTI) लागू किया गया। इस कानून के कारण ही कई जानकारियां सामने आती हैं लेकिन एक अजब तस्वीर सामने आई है। जानकारों का कहना है कि केंद्र सरकार हो या अन्य राज्य सरकारें, ऑनलाइन आरटीआई दाखिल करने के लिए 10 रुपये का शुल्क लेती हैं लेकिन महाराष्ट्र में इसके लिए 15.90 रुपये का शुल्क लिया जा रहा है।
दर को लेकर एसोसिएशन ऑफ सोशल एंड आरटीआई एक्टिविस्ट ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है और विसंगति को दूर करने की मांग की है। संगठन के संजय थूल ने कहा कि भारत सरकार एवं अन्य राज्यों ने आरटीआई के तहत मांगी जाने वाली जानकारी के लिए आवेदन शुल्क 10 रुपए तय किया है।
वहीं महाराष्ट्र में आरटीआई के तहत जानकारी मांगने पर 10 रुपए आवेदन शुल्क, 5 रुपए पोर्टल शुल्क व 90 पैसे जीएसटी समेत 15.90 रुपये लिए जा रहे है। केंद्र सरकार हो या फिर अन्य राज्य सरकारें, कोई भी पोर्टल शुल्क या जीएसटी वसूल नहीं कर रहा है। केवल महाराष्ट्र में इस सिस्टम को अपनाया गया है।
थूल कहते हैं कि महाराष्ट्र में ऑफ लाइन आवेदन करने पर 10 रुपये शुल्क ही लगता है। यह बहुत बड़ी विसंगति है। उनका कहना है कि एक ओर सरकारें ऑनलाइन को बढ़ावा देने की बात करती हैं, दूसरी ओर ऑनलाइन प्रोसेस पर ही अड़ंगा भी डाल रही हैं। उनका कहना है कि भारत सरकार, अन्य राज्यों व महाराष्ट्र में जानकारी मांगने के लिए पोर्टल उपलब्ध है। एक ही प्रक्रिया के लिए अलग-अलग शुल्क नहीं होना चाहिए।