ग्रामीण क्षेत्रों में मजबूत होगा पब्लिक ट्रांसपोर्ट, नागपुर DPC बैठक में 1327 करोड़ के बजट को मंजूरी
राजस्व मंत्री और पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने घोषणा की है कि नागपुर के पास के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों और छात्रों के लिए एक संपूर्ण सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था स्थापित की जाएगी।
- Written By: संजय बिष्ट
नागपुर DPC बैठक में 1327 करोड़ के बजट को मंजूरी (फोटो- सोशल मीडिया)
Nagpur News: राजस्व मंत्री और पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने घोषणा की है कि नागपुर के पास के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों और छात्रों के लिए एक संपूर्ण सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था स्थापित की जाएगी। उन्होंने कहा कि महानगर का बढ़ता विस्तार और आसपास के सभी गांवों से शहर में आने-जाने के लिए नागरिकों को एक अच्छी परिवहन सुविधा की सख्त आवश्यकता है और इसे जल्द ही पूरा किया जाएगा।
यह बात उन्होंने नागपुर में आयोजित जिला नियोजन समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। बैठक में वित्त राज्य मंत्री आशीष जायसवाल, सांसद श्यामकुमार बर्वे और विधानसभा व विधान परिषद सदस्यों सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
1,327 करोड़ का वार्षिक जिला नियोजन व्यय मंजूर
बैठक में वर्ष 2025-26 के लिए जिला वार्षिक योजना के तहत कुल 1,327 करोड़ रुपये के व्यय को मंजूरी दी गई। इसमें सामान्य योजना के लिए 1,047 करोड़ रुपये, अनुसूचित जाति उप-योजना के लिए 195 करोड़ रुपये और आदिवासी घटक कार्यक्रम के लिए 85 करोड़ रुपये शामिल हैं।
सम्बंधित ख़बरें
मुंबई को टीबी मुक्त बनाने के लिए बीएमसी का बड़ा अभियान, 26 मई से शुरू होगी विशेष स्क्रीनिंग
धुले में दर्दनाक हादसा, मुंबई-आगरा हाईवे पर आपस में भिड़े कई वाहन, 6 लोगों की मौत, 26 घायल, देखें VIDEO
मुंबई में म्हाडा लॉटरी को जबरदस्त प्रतिसाद, 2,640 फ्लैट्स के लिए 82 हजार से ज्यादा आवेदन
इंसाफ नहीं मिला तो पी लिया तेजाब, दुष्कर्म पीड़िता इंजीनियरिंग छात्रा की मौत, शव रखकर थाने में प्रदर्शन
प्रमुख निर्देश और घोषणाएं
सार्वजनिक परिवहन का विस्तार: पालक मंत्री ने नागपुर महानगरपालिका, नागपुर महानगर विकास प्राधिकरण, एसटी महामंडल और मेट्रो को समन्वय स्थापित कर ग्रामीण क्षेत्रों को शहर से बेहतर ढंग से जोड़ने के निर्देश दिए।
स्थानीय स्तर पर खरीद को प्रोत्साहन: उन्होंने निर्देश दिए कि अगर स्थानीय बाजार में जेम्स प्रणाली से कम दरों पर सामान उपलब्ध है तो तुलनात्मक विश्लेषण के बाद स्थानीय निविदा प्रक्रिया के माध्यम से ही खरीद की जाए। इससे स्थानीय आपूर्तिकर्ताओं को लाभ मिलेगा और सेवाओं की गुणवत्ता भी सुनिश्चित होगी।
नगर परिषद की भूमि पर अतिक्रमण रोकने का निर्देश: नगर परिषदों और नगर पंचायतों के खाली भूखंडों का सीमांकन कर उन पर तुरंत स्वामित्व बोर्ड लगाने का निर्देश दिया गया है, ताकि अतिक्रमण को रोका जा सके।
ये भी पढ़ें: CM फडणवीस लगा रहे जोर, अधिकारी कर रहे मनामानी, FIA ने जतायी नाराजगी
सिंचाई प्रणाली को मजबूत बनाना: बैठक में जिले की सिंचाई व्यवस्था को और मजबूत बनाने पर चर्चा हुई। पालक मंत्री ने कहा कि जिन क्षेत्रों में भूजल स्तर 800 फीट से नीचे चला गया है वहां सौर पंप जैसे विकल्पों पर विचार किया जाएगा। इसके अलावा पेंच परियोजना की नहरों के लिए एक व्यापक योजना तैयार कर कृषि क्षेत्र की सिंचाई को बेहतर बनाया जाएगा।
