महावितरण कार्यालय में विरोध, कार्यकर्ता गिरफ्तार, मचा बवाल, बिजली कीमतों में बढ़ोतरी पर VRAS आक्रामक
Vidarbha State Movement Committee: नागपुर में महावितरण के खिलाफ विदर्भ राज्य आंदोलन समिति ने कार्यालय में विरोध प्रदर्शन किया। समिति ने बिजली की दरों में वृद्धि के खिलाफ प्रदर्शन किया।
- Written By: प्रिया जैस
विदर्भ राज्य आंदोलन समिति का प्रदर्शन (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Nagpur News: बिजली दर वृद्धि और स्मार्ट प्रीपेड मीटर के खिलाफ विदर्भ राज्य आंदोलन समिति द्वारा आक्रामक रूप दिखाया गया। उन्होंने महावितरण कार्यालय परिसर में जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस संबंध में पुलिस ने विराआस के पदाधिकारियों को गिरफ्तार कर लिया।
विदर्भ राज्य आंदोलन समिति (VRAS) कार्यकर्ताओं ने बताया कि बुधवार को विराआस नागपुर शहर के अध्यक्ष नरेश निमजे के नेतृत्व में बिजली दर वृद्धि और स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर को रद्द करने की मांग को लेकर महल क्षेत्र के शिवाजीनगर गेट से तुलसीबाग महावितरण कार्यालय तक ‘बिजली मार्च’ निकाला गया। गेट बंद होने के कारण कार्यकर्ताओं ने आक्रामक रूप दिखाया।
महावितरण के अधिकारियों की अनुपस्थिति
आंदोलन में ‘बिजली दरों में वृद्धि वापस लो, स्मार्ट प्रीपेड मीटर रद्द करो’ जैसे नारे लगाए गए। महावितरण के अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण विराआस के क्रोधित कार्यकर्ताओं ने महावितरण कार्यालय में बिजली बिल की होली जलाई। पुलिस ने युवा आघाड़ी अध्यक्ष मुकेश मासुरकर और नागपुर शहर अध्यक्ष नरेश निमजे दोनों को गिरफ्तार कर कोतवाली थाने में मामला दर्ज किया।
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आधा घंटे में किया रिहा
निमजे और मासुरकर की गिरफ्तारी के बाद अन्य कार्यकर्ताओं ने अरुण केदार और ज्योति खांडेकर के नेतृत्व में महावितरण कार्यालय को घेर लिया। आखिरकार पुलिस ने दोनों को आधा घंटे के भीतर रिहा कर दिया। तब कार्यकर्ता शांत हुए और बिजली मार्च समाप्त कर दिया। आंदोलन में प्रशांत नखाते, गिरीश तितरमारे, राजेंद्र सतई, गणेश शर्मा, राहुल बंसोड़, मोरेश्वर वनकर, मधुकर जुमड़े, सुमित चंदूरकर, छाया दहिवले, सारिका लोखंडे, माधुरी चौहान, शारदा लोखंडे समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।
