नागपुर में सामाजिक न्याय पर फोकस, एनसीएससी टीम का दौरा, कर्मचारियों के समस्याओं पर चर्चा
Nagpur NCSC Member Visit: एनसीएससी सदस्य वड्डेपल्ली रामचंदर ने नागपुर में यंत्र इंडिया लिमिटेड का दौरा कर एससी-एसटी कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों की समीक्षा की।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर एनसीएससी दौरा( सोर्स: सोशल मीडिया )
Nagpur Industrial News: नागपुर दिल्ली स्थित केंद्रीय अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य वड्डेपल्ली रामचंदर ने यंत्र इंडिया लिमिटेड के अंतर्गत आने वाली आयुध निर्माणियों का विशेष दौरा कर अनुसूचित जाति एवं जनजाति कर्मचारियों से संबंधित विभिन्न मुद्दों की गहन समीक्षा की।
रविवार को यंत्र इंडिया लिमिटेड, अंबाइझरी स्थित मुख्यालय में आयोजित विशेष बैठक में आयोग सदस्य वड्डेपल्ली रामचंदर तथा मुंबई कार्यालय के अधिकारी सुनील कुमार बाबू का प्रबंध संचालक विजयकुमार अय्यर, आयुध निर्माणी चंद्रपुर के वरिष्ठ महाप्रबंधक प्रवीण पांडे और भंडारा के वरिष्ठ महाप्रबंधक दीपक देशमुख द्वारा स्वागत किया गया।
बैठक के दौरान उन्होंने ऑर्डनेंस फैक्ट्रियों में कार्यरत एससी-एसटी कर्मचारियों की संख्या, सामाजिक सुरक्षा, आरक्षण, प्रमोशन नीति और अन्य सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली।
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इसके अलावा कर्मचारियों से प्राप्त शिकायतों पर की गई कार्रवाई, त्रैमासिक समीक्षा बैठकें और भर्ती रोस्टर की भी जांच की गई। प्रेस से चर्चा करते हुए रामचंदर ने बताया कि नागपुर, भंडारा और चंद्रपुर की ऑर्डनेंस फैक्ट्रियों में लगभग 10 हजार कर्मचारियों में एससी-एसटी वर्ग की संख्या आरक्षण नीति के अनुसार संतोषजनक है।
हालांकि, प्रमोशन नीति में कुछ कमियां पाई गई हैं, जिसकी जानकारी रक्षा मंत्रालय को भेजी गई है। उन्होंने बताया कि नई भर्ती केंद्र सरकार के अधिकार क्षेत्र में आती है। साथ ही, यंत्र इंडिया लिमिटेड के सभी कारखानों में भारत रत्न बी. आर. आंबेडकर की भव्य प्रतिमा स्थापित करने की मांग को मंजूरी दे दी गई है, जिसकी प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।
कर्मियों के हक में सख्त रुख, आयोग के अहम निर्देश
से नियुक्त एस, एसटी और ओबीसी कर्मचारियों के आरक्षण लागू करने हेतु वित्त मंत्री और प्रधानमंत्री को आयोग ने एससी-एसटी संगठनों के पदाधिकारियों को राष्ट्रीय स्तर के सम्मेलनों में भाग लेने हेतु टीप-डीए स्वीकृत करने के निर्देश दिए है, इसके अलावा, अत्याचार (एट्रॉसिटी) के मामलों में पुलिस द्वारा लापरवाही बरतने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, यहां तक कि बखाँस्तगी के निर्देश भी जारी किए गए है। निजीकरण नीति के तहत बाहरी सेवाओं कम वेतन के मुद्दे पर आयोग ने वेतन वृद्धि और सामाजिक सिफारिशे भेजी है।
एससी-एसटी उद्यमियों को 15% प्लॉट आरक्षण पर जोर
राज्य के औद्योगिक आरक्षित क्षेत्रों में 15 प्रतिशत प्लॉट एससी-एसटी उद्यमियों के लिए आरक्षित रखने के नियम का पालन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया, आयोग ने सामाजिक संगठनों और सूचना अधिकार कार्यकर्ताओं से अपील की है कि वे इस योजना की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं और लाभार्थियों को इसका लाभदिलाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
