
नागपुर नगर निगम का अमृत महोत्सव में पदार्पण। (सौजन्यः सोशल मीडिया)
नागपुर: नागपुर नगर निगम शहर का मूल निकाय है। प्रशासनिक व्यवस्था में सबसे अधिक जनोन्मुख व्यवस्था नगर निगम की ही है। शहर के लोगों को जन्म से लेकर मृत्यु तक सेवाएं प्रदान करने वाली नागपुर नगर निगम अपने 75वें वर्ष में प्रवेश करके एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर हासिल कर रही है। नागपुर महानगरपालिका के 51वें आयुक्त और 14वें प्रशासक के रूप में सेवारत डॉ. अभिजीत चौधरी ने गौरवशाली इतिहास वाले नागपुर महानगरपालिका से नई तकनीक अपनाने और अपने प्रशासनिक कामकाज को अधिक जनोन्मुखी बनाने की महत्वपूर्ण अपील की।
नागपुर महानगरपालिका का 74वां स्थापना दिवस रविवार को उत्साह के साथ मनाया गया। नागपुर महानगरपालिका की 75 वर्ष की स्थापना को अमृत महोत्सव के रूप में मनाया जा रहा है। नगर निगम की 74वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में नगर निगम मुख्यालय के लॉन में हरीयाली पर एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस वक्त अध्यक्ष स्थान पर नगर निगम आयुक्त एवं प्रशासक डॉ. अभिजीत चौधरी थे। प्रमुख अतिथि के रूप में अपर आयुक्त आंचल गोयल, अपर आयुक्त अजय चारठाणकर, मुख्य अभियंता लीना उपाध्ये, निगम सचिव डॉ. रंजना लाडे, मुख्य लेखा एवं वित्त अधिकारी सदाशिव शेलके, उपायुक्त विजया बनकर, उपायुक्त विजय देशमुख, विनोद जाधव, मिलिंद मेश्राम, प्रकाश वराडे, गणेश राठोड, अशोक गराटे, अधीक्षक अभियंता मनोज तालेवार, शिक्षा अधिकारी साधना सायम उपस्थित थे।
नगर निगम आयुक्त एवं प्रशासक डॉ. अभिजीत चौधरी ने नागपुर महानगरपालिका की स्थापना से लेकर अब तक के इतिहास पर प्रकाश डाला। 2 मार्च 1951 को स्थापित नागपुर नगर निगम ‘पौर जन हिताय के आदर्श ब्रिद के साथ 74 वर्षों से निरंतर सार्वजनिक सेवा प्रदान कर रहा है। इस नगर निगम के प्रथम महापौर बैरिस्टर शेषराव वानखेड़े ने केन्द्र सरकार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई तथा बाद में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में भी शहर का गौरव बढ़ाया। दो बार नागपुर शहर के महापौर रह चुके देवेन्द्र फडणवीस महाराष्ट्र राज्य के मुख्यमंत्री हैं। आयुक्त ने नागपुर नगर निगम के गौरवशाली इतिहास की भी सराहना की, जो हमें गौरवान्वित करता है।

नागपुर शहर भौतिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और पर्यावरणीय दृष्टि से सर्वांगीण विकास के दौर से गुजर रहा है। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किए गए संकल्प के अनुसार, हमारा देश 2047 तक विकसित भारत के रूप में जाना जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नागपुर नगर निगम भी शहर को विकास का ‘ग्रोथ इंजन’ बनाकर इस कार्य में योगदान देगा। आयुक्त ने आगामी समय में नगर पालिका को वित्तीय रूप से सक्षम बनाने के लिए प्रयास करने की आवश्यकता जताई।
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इसके लिए विभागों को मजबूत करना होगा और आय के नए स्रोत बनाने होंगे। भविष्य का एक ‘रोड मैप’ बनाना होगा। आयुक्त ने यह भी कहा कि कर्मचारियों को उनके कार्य में एआई और नई प्रौद्योगिकियों को शामिल करके क्षमता निर्माण के लिए प्रशिक्षित करना आवश्यक है। डॉ. का यह भी मानना है कि नगर निगम के अमृत महोत्सव के दौरान नए नगर भवन यानी टाउन हॉल का काम पूरा हो जाएगा। अभिजीत चौधरी ने व्यक्त किया। उन्होंने प्रत्येक विभाग से नगर निगम की स्थापना के अमृत महोत्सव के दौरान कम से कम एक जनोन्मुखी पहल लागू करने की भी अपील की।

प्रारंभ में, नगर आयुक्त एवं प्रशासक डॉ. अभिजीत चौधरी और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने नागपुर नगर निगम के प्रथम महापौर बैरिस्टर शेषराव वानखेड़े की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। उद्घाटन की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर वृक्षारोपण किया गया। यह उत्सव आकाश में गुब्बारे छोड़कर मनाया गया। नगर निगम जयताला स्कूल के विद्यार्थियों ने स्वागत गीत और जयोस्तुते गीत प्रस्तुत किया। नारी मराठी उच्च प्राथमिक विद्यालय के विद्यार्थियों ने मंगला गौरी का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में ग्रीन विजिल के कौस्तभ चटर्जी, तेजस्विनी महिला मंच की किरण मुंधड़ा, सुरेश रेवतकर विशिष्ट अतिथि थे।
स्थानपा दिवस के अवसर पर ग्रीन व्हिजिल के कौस्तभ चटर्जी ने जनता की ओर से अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि नागपुर शहर की एक महत्वपूर्ण संस्था होने के नाते नागपुर महानगरपालिका से प्रत्येक कार्य में एक नागरिक के रूप में कार्य करने की अपेक्षा की जाती है। उन्होंने यह भी कहा कि एक एनजीओ के रूप में नगर पालिका के सीधे संपर्क में आने के बाद, यहां के कार्य का दायरा, दिन-रात होने वाले सेवा कार्य और यहां तक कि नागरिकों का रोष देखकर उन्हें एक नागरिक के रूप में अपनी जिम्मेदारी का एहसास हुआ। शहर में पर्यावरण के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के संबंध में चटर्जी ने नागपुर नगर निगम को भी बधाई दी।

स्थापना दिवस कार्यक्रम के संयोजन में नगर निगम मुख्यालय में ‘साज’ ग्रुप द्वारा ‘आर्केस्ट्रा’ का आयोजन किया गया। कलाकारों के साथ नगर निगम के उपायुक्त विजय देशमुख और अतिरिक्त चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेंद्र बहिरवार द्वारा गीत प्रस्तुत किया गया। डॉ. बहिरवार ने आयुक्त को नगर प्रशासन भवन का स्वनिर्मित चित्र भेंट किया। कार्यक्रम का संचालन जनसंपर्क अधिकारी मनीष सोनी ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन उपायुक्त विजया बनकर ने किया। इस अवसर पर डॉ. दीपक सेलोकर, सह. आयुक्त श्याम कापसे, राजकुमार मेश्राम, नगर निगम के कार्यपालन अभियंता डॉ. पीयूष अंबुलकर सहित अन्य कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।






