Winter Session: सरकार ने पेश कीं 75,286 करोड़ रुपये की अनुपूरक मांगें, जानें किसे क्या मिलेगा लाभ
Maharashtra Supplementary Demands: महाराष्ट्र सरकार ने विधानसभा में 75,286 करोड़ की अनुपूरक मांगें पेश कीं। किसान राहत, सब्सिडी और कल्याण योजनाओं पर बड़ा खर्च प्रस्तावित है।
- Written By: प्रिया जैस
नागपुर शीत सत्र (सौजन्य-एक्स)
Maharashtra Winter Assembly Session: नागपुर में विधानभवन में शीत सत्र की शुरुआत हो चुकी है। शीत सत्र के पहले दिन महायुति सरकार ने विधानसभा में मांगे पेश की। महाराष्ट्र सरकार ने 75,286.38 करोड़ रुपये की अनुपूरक मांगें सोमवार को विधानसभा में पेश कीं।
इनमें से प्रस्तावित व्यय का बड़ा हिस्सा किसान राहत, सब्सिडी और सामाजिक कल्याण योजनाओं पर खर्च किए जाने का प्रस्ताव है। राज्य का सार्वजनिक ऋण वर्तमान में 9.32 लाख करोड़ रुपये है। महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री अजित पवार ने राज्य विधानमंडल के सप्ताह भर के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सदन के समक्ष अनुपूरक मांगें रखीं।
महाराष्ट्र सरकार की कुल अनुपूरक मांग
नवीनतम प्रस्तावों के साथ वर्तमान सरकार द्वारा रखी गई कुल अनुपूरक मांगें 1,73,019 करोड़ रुपये की हो गई हैं। यह महायुति सरकार द्वारा प्रस्तुत अनुपूरक मांगों का चौथा ‘सेट’ है। वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 7.06 लाख करोड़ रुपये का वार्षिक बजट पेश करने के बाद, राज्य ने दिसंबर 2024 में शीतकालीन सत्र के दौरान लाडकी बहिन योजना, मूर्ति निर्माण और सड़क मरम्मत के लिए 33,738 करोड़ रुपये की अनुपूरक मांगें पेश की थीं।
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नासिक कुंभ मेले के लिए 57,509 करोड़ रुपये की मांग
सरकार ने मार्च में बजट सत्र के दौरान मुख्य रूप से प्रशासनिक खर्चों के लिए 6,486 करोड़ रुपये की अतिरिक्त मांग की, इसके बाद जुलाई में मानसून सत्र के दौरान कल्याणकारी योजनाओं, 15वें वित्त आयोग से जुड़े अनुदानों एवं कुंभ मेले की तैयारियों के लिए 57,509 करोड़ रुपये की मांग की। कुंभ मेला अक्टूबर 2026 में नासिक में शुरू होगा।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
