महाराजस्व शिविर अभियान: 6 दिनों में 3,436 महिलाएं बनीं महिला किसान, नागपुर संभाग अव्वल
Mahila Kisan Campaign: राजस्व विभाग के 'महिला किसान' अभियान के पहले छह दिनों में राज्यभर में 3,436 महिलाओं के नाम दर्ज हुए। नागपुर संभाग 1,219 पंजीकरण के साथ सबसे आगे रहा।
- Written By: अंकिता पटेल
चंद्रशेखर बावनकुले, महिला किसान (सोर्स: नवभारत डिजाइन फोटो)
Maharashtra Mahila Kisan Drive: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के जन्मदिन और अजितदादा पवार की जयंती के अवसर पर राजस्व विभाग द्वारा आयोजित ‘छत्रपति शिवाजी महाराज महाराजस्व समाधान शिविर अभियान’ के तहत पहले छह दिनों में राज्यभर में 3,436 महिलाओं के नाम ‘महिला किसान’ के रूप में दर्ज किए गए हैं।
राजस्व विभाग का यह कदम है, जिसकी पहल राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने की है। इस अभियान में महिलाओं की तरफ से बेहद उत्साहपूर्ण प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। 2 अगस्त तक चलने वाले इस अभियान के तहत नागपुर संभाग में सबसे अधिक 1,219 महिला किसानों के नाम दर्ज किए गए हैं।
22 जुलाई से शुरू हुए इस अभियान के शुरुआती छह दिनों यानी सोमवार तक राज्य के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में आयोजित शिविरों में 4 लाख 35 हजार 209 नागरिकों ने विभिन्न राजस्व सेवाओं और सरकारी योजनाओं का प्रत्यक्ष लाभ लिया।
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मुख्यमंत्री बलीराजा सड़क योजना
अकोला जिले में इस योजना के तहत 2,797 रास्तों के विवाद सुलझाए गए। साथ ही गोंदिया में 422, नागपुर में 165, भंडारा में 145 और चंद्रपुर में 92 खेतों के रास्ते किसानों के लिए खोले गए।
घरकुल, अतिक्रमण नियमितीकरण
घरकुल योजना के तहत चंद्रपुर में 9,616, गोंदिया में 1,629 और कोल्हापुर में 519 लाभार्थियों को सहायता दी गई। वहीं, सरकारी जमीनों पर पुराने आवासीय अतिक्रमणों को नियमित करने के कार्य में चंद्रपुर (617), गोंदिया (504) और नागपुर (536) परिवारों को राहत मिली।
‘जीवंत सातबारा’ मुहिम
सातबारा के आधुनिकीकरण के लिए सतारा में 2,733, बुलढाणा में 1,460, अमरावती में 660, नागपुर में 652 और सांगली में 543 किसानों के राजस्व मामलों का मौके पर ही निपटारा किया गया।
प्रमुख जिलों का प्रदर्शन
बुलढाणा जिले में 15,843, कोल्हापुर में 14,289, सतारा में 14, 189, चंद्रपुर में 12,701, अमरावती में 12,057, गोंदिया में 11,155, पुणे में 10,438 और अकोला में 8,862 लाभार्थियों ने सीधे तौर पर इस अभियान का लाभ उठाया। पूरे राज्य में कुल 2 लाख 39 हजार 744 लाभार्थी इस अभियान से जुड़े हैं।
‘स्वामित्व सनद’ योजना के तहत बांटी सनद
गोंदिया जिले में सबसे अधिक 1,067 महिलाओं के नाम दर्ज किए गए। इसके अलावा गड़चिरोली में 75, भंडारा में 39 और चंद्रपुर में 38 महिलाओं को किसान का दर्जा प्रदान किया गया।
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ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों को जमीन का मालिकाना हक देने वाली ‘स्वामित्व सनद’ योजना के तहत नागपुर में 426, अमरावती में 368, अकोला में 294 और गोंदिया में 153 नागरिकों को सनद बांटी गई।
