सेवानिवृत्ति के बाद साकार हो रहा सपना! नागपुर मनपा के सफाई कर्मचारियों को जल्द मिलेगा श्रम साफल्य योजना का लाभ

Nagpur Housing Project: नागपुर में सफाई कर्मचारियों के लिए नारी क्षेत्र में बन रही श्रम साफल्य आवास योजना को गति देने के निर्देश दिए गए। वर्षों से लंबित परियोजना अब पूरी होने की उम्मीद जगी है।
A post-retirement dream coming true! Nagpur Municipal Corporation sanitation workers to soon receive benefits under the 'Shram Safalya Yojana'.
घरकुल परियोजना, नागपुर मनपा,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)
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Nagpur Sanitation Workers: नागपुर मनपा के सफाई कर्मचारियों को सपनों का घर देने के लिए भले ही दशकों पहले श्रम साफल्य योजना की घोषणा की गई हो लेकिन कई सफाई कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति के बाद अब योजना साकार होती दिखाई दे रही है।

इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर श्रम साफल्य आवास योजना के तहत महानगरपालिका द्वारा सफाई कर्मचारियों के लिए मौजा नारी क्षेत्र में बनाए जा रहे घरकुल प्रोजेक्ट का मंगलवार को आसीनगर जोन के 'मिनी महापौर' आसिफ शेख, उपमहापौर लीला हाथीबेड, मनपा आयुक्त डॉ. विपिन इटनकर ने जायजा लिया। जहां योजना को गति देकर जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए।

प्रस्तावित डीपी रोड भी होगा पूरा

निरीक्षण के दौरान मनपा आयुक्त डॉ. विपिन ने एसआरए कॉलोनी, उपलवाड़ी से लेकर नारी तक प्रस्तावित डीपी मार्ग तैयार करते समय सड़क के किनारे पानी की पाइपलाइन बिछाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि इस जगह के पर्यावरण से जुड़ा कोई मामला न्यायालय में विचाराधीन है तो उसकी विस्तृत जानकारी तत्काल प्रस्तुत की जाए।

परियोजना के इस अहम निरीक्षण के अवसर पर जोन के सभापति आसिफ शेख, नगरसेवक दिनेश यादव, उपायुक्त गणेश राठौड़, मुख्य स्वच्छता अधिकारी डॉ. गजेंद्र महल्ले, कार्यकारी अभियंता सुनील उइके, नीलेश बोबड़े, वृक्ष संवर्धक अमोल चौरपगार, जोनल स्वच्छता अधिकारी भोला खोब्रागडे और एसडीपीएल के गौरव अग्रवाल व राहुल अग्रवाल समेत मनपा के कई वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।

एसटीपी का भी विकल्प पर्यावरण और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए आयुक्त ने कई सख्त निर्देश दिए जिनमें एसआरए कॉलोनी के निवासियों और सफाई कर्मचारियों के लिए बनाई जा रही इस नई कॉलोनी के लिए एक 'एसटीपी' (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट/ सांडपाणी प्रक्रिया प्रकल्प) तैयार किया जाए।

इसी तरह आवास योजना की जगह को समतल किया जाए, कंटीली झाड़‌यां और घास हटाई जाए लेकिन निर्माण के दौरान ज्यादा से ज्यादा पेड़ों को बचाया जाए। डीपी (DP) सड़क के निर्माण में आ रही अड़चनों को दूर करने के लिए एनआईटी और अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय बैठक आयोजित करने के निर्देश भी दिए।

परियोजना की रूपरेखा और मुख्य विशेषताएं

फ्लैट्स का विवरण: सफाई कर्मचारियों के लिए यह 2 बीएचके (2 BHK) आवास योजना है जिसमें प्रत्येक फ्लैट का कॉरपेट एरिया 500 वर्ग फुट होगा। इमारतों का स्वरूप : यहां कुल 392 फ्लैट्स का निर्माण किया जाना है।

क्षेत्रफल: फुकुल 42,103.92 वर्ग मीटर जगह पर 'जी प्लस c'(G + 7) 14 इमारतें खड़ी की जाएंगी, मूलभूत सुविधा और पर्यावरण पर जोर आवास योजना तक आवागमन सुलभबनाने के लिए 18 मीटर और 12 मीटर चौड़े मागों का निर्माण किया जाएगा।

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