नागपुर में शेयर मार्केट के नाम पर बड़ा फ्रॉड! ऑर्डनेंस फैक्ट्री के रिटायर्ड कर्मचारी से 20.51 लाख रूपए की ठगी
Nagpur Cyber Fraud: नागपुर में शेयर मार्केट में मोटे मुनाफे का झांसा देकर फर्जी ट्रेडिंग ऐप, WhatsApp और Telegram ग्रुप के जरिए एक रिटायर्ड कर्मचारी से 20.51 लाख रुपये की साइबर ठगी की गई।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर, साइबर ठगी, शेयर मार्केट, सांकेतिक फोटो (सोर्स: एआई फोटो)
Nagpur Share Market Scam: नागपुर शेयर मार्केट में पैसा निवेश कर भारी मुनाफा कमाने का लालच देकर फर्जी ट्रेडिंग एप्लिकेशन, वाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप के माध्यम से एक व्यक्ति के साथ 20.51 लाख रुपये की ठगी की गई।
साइबर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच आरंभ की है। 64 वर्षीय पीड़ित व्यक्ति ऑर्डनेंस फैक्ट्री से सेवानिवृत्त हैं। अप्रैल 2026 में अनन्या नामक महिला ने उनसे संपर्क कर शेयर मार्केट में निवेश पर भारी मुनाफे का भरोसा दिलाया।
फर्जी ट्रेडिंग ऐप से 20.51 लाख की साइबर ठगी
इसके बाद उन्हें ‘एक्सिस कैपिटल सिग्नल्स’ ‘एचओ-1 और एक्सिस कस्टमर सपोर्ट डेस्क’ नामक वाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप से जोड़ा गया। आरोपियों ने पीड़ित व्यक्ति का विश्वास जीतने के लिए एक्सिस सिक्योरिटीज डायरेक्ट मार्केट एक्सेस के नाम से फर्जी रजिस्ट्रेशन फॉर्म, नकली ट्रेडिंग एप और फर्जी लिंक भेजे। महिला के निर्देशानुसार शिकायतकर्ता ने मई 2026 में अलग-अलग बैंक खातों में समय-समय पर कुल 20।51 लाख रुपये जमा कर दिए।
सम्बंधित ख़बरें
विहान अभी खेलने जाएगा… बेटे का बैट सीने से लगाए बैठी मां, चेंबूर बस हादसे की ये तस्वीर देख आंखें हो जाएगी नम
GST संग्रह में महाराष्ट्र देश का अग्रणी राज्य; कर चोरी रोकने के लिए AI प्रणाली लागू करने वाला बना पहला राज्य
जमीन बेचने के चक्कर में बिहार में बंधक बने नागपुर के कॉन्ट्रैक्टर; बंदूक की नोक पर कराए साइन, और फिर क्या हुआ?
चार छात्राएं एक ही स्कूल से अचानक लापता, कल्याण में मचा हड़कंप, पुलिस के हाथ भी नहीं लगा कोई सुराग
साइबर पुलिस से शिकायत
ठगों ने फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म पर निवेश के बदले शिकायतकर्ता के खाते में करीब 1.25 करोड़ रुपये का मुनाफा दिखाया जिससे उन्हें निवेश वास्तविक होने का विश्वास हो गया लेकिन जब उन्होंने मुनाफे की राशि निकालने का प्रयास किया तो आरोपियों ने टैक्स, प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क के नाम पर और पैसे जमा करने की मांग की।
यह भी पढ़ें:-जमीन बेचने के चक्कर में बिहार में बंधक बने नागपुर के कॉन्ट्रैक्टर; बंदूक की नोक पर कराए साइन, और फिर क्या हुआ?
इसके बावजूद रकम वापस नहीं मिली तब शिकायतकर्ता को अपने साथ धोखाधड़ी का पता चला, पीड़ित ने साइबर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट और धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।
