VN Desai Hospital में इलाज के साथ मरम्मत कार्य जारी, लीकेज और सुरक्षा पर उठे सवाल
VN Desai Hospital Repair Work Issue: मुंबई के वीएन देसाई अस्पताल में मरम्मत कार्य के बीच इलाज और सर्जरी जारी है। वहीं स्टाफ नर्सों ने पानी की लीकेज और निर्माण गुणवत्ता को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं।
- Written By: अपूर्वा नायक
वीएन देसाई अस्पताल मरम्मत कार्य (सौ. सोशल मीडिया )
VN Desai Hospital Repair Work Safety: मुंबई के सांताक्रुज पूर्व स्थित वीएन देसाई अस्पताल में एक ओर मरीजों का इलाज और सर्जरी जारी है, तो दूसरी ओर पूरी इमारत में मरम्मत कार्य भी समानांतर रूप से चल रहा है। वर्ष 2024 से शुरू हुआ यह रिपेयरिंग प्रोजेक्ट अगले वर्ष तक पूरा होने की संभावना है।
अस्पताल प्रशासन का दावा है कि सभी काम पूरी सावधानी और सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए किए जा रहे हैं। साथ ही मरीजों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं हो रहा। हालांकि, स्टाफ नर्सों ने तीसरे मंजिल पर पानी का लीकेज, घटिया मरम्मत कार्य और निर्माण की गुणवत्ता को लेकर गंभीर शिकायतें उठाई हैं।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार फिलहाल मरम्मत कार्य के बीच 180 बेड संचालित किए जा रहे हैं, जबकि काम पूरा होने के बाद अस्पताल की क्षमता बढ़ाकर 276 बेड की जाएगी। अस्पताल में 35 आईसीयू बेड उपलब्ध हैं।
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रोजाना करीब 1000 से 1200 मरीज ओपीडी और कैजुअलिटी विभाग में पहुंचते हैं, जबकि औसतन 125 मरीज भर्ती रहते हैं। इसके अलावा प्रतिदिन 30 से 35 सर्जरी भी की जा रही हैं। हालांकि, मानसून पूर्व तैयारियों के तहत तीसरे माले पर दोबारा शुरू हुए मरम्मत कार्य को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। स्टाफ नर्सों ने लगातार पानी की लीकेज, ठेकेदार द्वारा किए गए खराब काम और सुरक्षा संबंधी खामियों की शिकायतें की हैं।
लीकेज समस्या आई सामने
आरोप है कि तीसरे मंजिल के कार्य पूर्ण होने का प्रमाणपत्र पूर्व मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ जयराज आचार्य द्वारा पहले ही जारी किया जा चुका था। इसके बावजूद पिछले मानसून में भारी लीकेज की समस्या सामने आई। सूत्रों के अनुसार हाल ही में दायर मानवाधिकार मामले के बाद प्रशासन को दोबारा रिपेयरिंग कार्य शुरू करना पड़ा। इस मामले की सुनवाई 18 मई 2026 को प्रस्तावित है।
अस्पताल की पूरी इमारत का रिपेयरिंग कार्य वर्ष 2024 से चरणबद्ध तरीके से जारी है और यह अगले वर्ष तक पूरा होने की संभावना है। मरम्मत कार्य के दौरान भी अस्पताल की सभी स्वास्थ्य सेवाएं सुचारु रूप से संचालित की जा रही हैं।
मरीजों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी कार्य आवश्यक सावधानियों तथा तकनीकी मानकों का पालन करते हुए किए जा रहे हैं। फिलहाल अस्पताल में ओपीडी, आईपीडी, सर्जरी और आईसीयू सेवाएं सामान्य रूप से जारी है तथा किसी भी मरीज पर इसका प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ने दिया जा रहा।
– डॉ। मयूरा नागले, चिकित्सा अधीक्षक, वीएन देसाई अस्पताल
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सुरक्षा के साथ हो रही उपचार सेवाः प्रशासन
इस बीच अस्पताल इमारत को सी2ए श्रेणी की खतरनाक संरचना घोषित किए जाने का मामला भी चर्चा में है। हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर सेल ने अस्पताल को मरीजों और कर्मचारियों के लिए संभावित रूप से जानलेवा बताते हुए इमारत खाली कराने के लिए कई बार पत्राचार किया है। हाल ही में भी इस संबंध में पत्र भेजा गया है। इसके बावजूद अस्पताल प्रशासन का कहना है कि अस्पताल में उपचार सेवाएं पूरी सुरक्षा व्यवस्था और सतर्कता के साथ जारी हैं।
