

Pratap Sarnaik On Tuljabhavani Temple: महाराष्ट्र की आराध्य देवी तुलजाभवानी मंदिर के सर्वांगीण विकास के लिए तैयार किए गए भव्य विकास मास्टर प्लान को अब शासन स्तर पर ठोस गति मिल गई है।
पालकमंत्री प्रताप सरनाईक के लगातार प्रयासों के चलते इस महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत 555 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों को तकनीकी और प्रशासनिक मंजूरी प्रदान की गई है।
तुलजाभवानी मंदिर विकास मास्टर प्लान के लिए राज्य सरकार द्वारा कुल 1865 करोड़ रुपये की निधि को स्वीकृति दी गई है। इस योजना के तहत चरणबद्ध तरीके से मंदिर परिसर, दर्शन व्यवस्था, यात्री सुविधाएं और बुनियादी ढांचे को विकसित किया जाना है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
योजना के अंतर्गत 555.80 करोड़ रुपये के चार प्रमुख विकास कार्यों के लिए विस्तृत अनुमान तैयार कर उन्हें तकनीकी मंजूरी दी जा चुकी है। इन कार्यों को शीघ्र शुरू करने की दिशा में प्रशासनिक प्रक्रिया को तेज कर दिया गया है।
प्री-बिड प्रक्रिया के दौरान प्राप्त सुझावों को स्वीकार करने का संपूर्ण अधिकार तुलजाभवानी मंदिर संस्थान के अध्यक्ष एवं जिलाधिकारी पूजार को दिया गया है। इससे निविदा प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
पालकमंत्री प्रताप सरनाईक ने निर्देश दिए हैं कि मंदिर परिसर के आसपास स्थित राजस्व भूमि को मंदिर संस्थान के नाम वर्ग करने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जाए। इसके साथ ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस चौकी के निर्माण के लिए अलग से प्रावधान किया जाएगा।
विकास योजना के तहत 457.80 करोड़ रुपये के कार्यों के लिए अनुमान तैयार कर तकनीकी मंजूरी पहले ही दी जा चुकी है और उनकी निविदा प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है।
इस भव्य विकास योजना के पूरा होने के बाद तुलजाभवानी मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि आधुनिक सुविधाओं से युक्त एक आदर्श तीर्थस्थल के रूप में भी उभरेगा।