'महमूद गजनवी ने लूटा था सोमनाथ, बीजेपी लूट रही राम मंदिर', संजय राउत का बड़ा आरोप

Sanjay Raut Attacks BJP Ram Mandir Donation Scam 2026: अयोध्या राम मंदिर चंदे में कथित हेराफेरी को लेकर शिवसेना यूबीटी का बीजेपी और अमित शाह पर तीखा हमला।
Ram Mandir Donation Dispute UBT Congress Demand Probe
चांदी की ईंट का हिसाब (फोटो क्रेडिट-X)
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Sanjay Raut On Ram Mandir Donation Scam: महाराष्ट्र की सियासत में 'ऑपरेशन टाइगर' और विधान परिषद चुनावों के नतीजों के बाद जुबानी जंग अब बेहद निचले और आक्रामक स्तर पर पहुंच गई है। शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) ने अयोध्या राम मंदिर के चंदे और दान-पात्रों में हुई कथित गड़बड़ियों को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर अब तक का सबसे तीखा और सीधा हमला बोला है।

पार्टी के मुखपत्र 'सामना' में प्रकाशित एक विस्फोटक संपादकीय के जरिए उद्धव ठाकरे गुट ने राम मंदिर में हुई कथित हेराफेरी की तुलना इतिहास के सबसे क्रूर लुटेरे महमूद गजनवी से कर दी है। इस संपादकीय के सामने आने के बाद दिल्ली से लेकर मुंबई तक राजनीतिक गलियारों में भारी बवाल मच गया है। पार्टी ने आरोप लगाया है कि श्रद्धालुओं द्वारा भगवान राम को चढ़ाए गए सोने, चांदी, नकदी और आभूषणों की सुरक्षा करने में केंद्र और उत्तर प्रदेश की सरकार पूरी तरह विफल रही है।

'महमूद गजनवी ने सोमनाथ को लूटा, बीजेपी ने राम मंदिर को'

शिवसेना (यूबीटी) ने अपने संपादकीय में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के मंदिर निर्माण के संघर्ष का हवाला देते हुए लिखा, "पूरे देश ने अब देख लिया है कि बीजेपी के लिए मंदिर विकास का असली मतलब क्या है। जिस राम मंदिर के लिए हजारों कार सेवकों ने अपना खून बहाया, लाठियां और गोलियां खाईं, आज उसी मंदिर की संपत्ति पर खुलेआम डाका डाला जा रहा है। जिस तरह इतिहास में महमूद गजनवी ने सोमनाथ मंदिर को बेरहमी से लूटा था, ठीक उसी तरह आज की बीजेपी राम मंदिर को लूट रही है। दान-पात्रों से नकदी और आभूषणों की यह कथित चोरी दिखाती है कि वहां कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।"

कोल्हापुर दौरे को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर तीखा प्रहार

यह हमला केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उस कोल्हापुर दौरे के ठीक बाद हुआ है, जहां उन्होंने अंबाबाई मंदिर के विकास कार्यों का शिलान्यास किया था और उद्धव ठाकरे पर 'कांग्रेस की गोद में बैठने' का आरोप लगाया था। पलटवार करते हुए 'सामना' ने लिखा, "जो लोग राम मंदिर की सुरक्षा नहीं कर सकते, वे महाराष्ट्र आकर हमारे अंबाबाई मंदिर के विकास की बात करने की हिम्मत कर रहे हैं। कम से कम कोल्हापुर के अंबाबाई मंदिर में ऐसी चोरी और डकैती तो कभी नहीं हुई। अमित शाह लगातार उद्धव ठाकरे पर उंगली उठाते हैं, लेकिन खुद अपनी नाक के नीचे हो रहे इस महापाप और राम मंदिर के लुटेरों के संरक्षक बने बैठे हैं।"

'पिछले 10 वर्षों में प्रमुख मंदिरों को बनाया गया निशाना

संपादकीय में बीजेपी सरकार के पिछले एक दशक के कार्यकाल पर सवाल उठाते हुए दावा किया गया कि देश के कई बड़े और ऐतिहासिक मंदिरों में चोरी तथा वित्तीय अनियमितताओं की घटनाएं सामने आई हैं। शिवसेना (यूबीटी) का आरोप है कि इन मामलों में शामिल संदिग्ध लोग प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से सत्ताधारी दल से जुड़े हुए हैं, जिसके कारण केंद्रीय एजेंसियां इन पर कोई सख्त कार्रवाई नहीं कर रही हैं। पार्टी ने इसे देश की जनता की धार्मिक आस्था और लोकतांत्रिक व्यवस्था दोनों पर एक बड़ा आघात करार दिया है। बहरहाल, संजय राउत और 'सामना' के इन बेहद विवादित बयानों पर अब बीजेपी और एकनाथ शिंदे गुट की ओर से तीखी प्रतिक्रिया आना तय माना जा रहा है।