Mumbai News: शहरी गरीबों के लिए ‘प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0’ का तोहफा, अपने घर का सपना होगा साकार
बीकेसी (BKC) में कोकण संभाग के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 से संबंधित एक कार्यशाला आयोजित की गई। अभियान निदेशक अजीत कवडे ने पहले चरण की प्रगति रिपोर्ट को जल्द से जल्द अपलोड कर जियो-टैगिंग करने के निर्देश दिए।
- Written By: आंचल लोखंडे
'प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0' । (सौजन्यः सोशल मीडिया)
मुंबई: शहरी क्षेत्र में जरूरतमंद लोगों को उनके सपनों का घर मिले, यह एक महत्वपूर्ण सामाजिक जिम्मेदारी है। प्रत्येक विभागीय और शहर-स्तरीय तकनीकी विशेषज्ञ को सामाजिक कार्यकर्ता की भूमिका निभाकर इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कार्य करना चाहिए, ऐसा आह्वान प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के अभियान निदेशक एवं राज्यस्तरीय परियोजना प्रबंधन इकाई के मुख्य अधिकारी अजीत कवडे ने किया।
बीकेसी (BKC) में कोकण संभाग के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 से संबंधित एक कार्यशाला आयोजित की गई। इस कार्यशाला में उपमुख्य कार्यकारी अधिकारी अनिल वानखेडे, म्हाडा के मुख्य अभियंता आडे, वित्त नियंत्रक अजयसिंह पवार, आवास विभाग के अवर सचिव रविंद्र खेतले, वरिष्ठ सलाहकार मुकुल बापट, और विभिन्न शहरों के तकनीकी विशेषज्ञ उपस्थित थे।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 का क्रियान्वयन
कवडे ने पहले चरण की प्रगति रिपोर्ट को जल्द से जल्द अपलोड कर जियो-टैगिंग करने के निर्देश दिए। साथ ही, दूसरे चरण के लाभार्थियों के पंजीकरण की प्रक्रिया तुरंत शुरू करने और इसके लिए प्रचार अभियान चलाने की भी सलाह दी।
सम्बंधित ख़बरें
बीएमसी स्कूलों के भूखंडों का निजी संस्थाओं को आवंटन रोके, विधायक सरदेसाई, बोले सार्वजनिक शिक्षा को खतरा
अब AI से ट्रैक होगी वन्य जीवों की हलचल, 1000 गांवों में लगेगी अलर्ट प्रणाली
णमोकार महामंत्र से विश्व शांति का संदेश, जैन कमल की अनूठी अक्षर लिपि प्रदर्शनी का उद्घाटन
अब सरकारी जमीनों पर घास की खेती! चारे के साथ बढ़ेगा रोजगार, सीएम के सुझाव पर राजस्व मंत्री का निर्णय
महाराष्ट्र सरकार ने सस्ती और किफायती आवासीय सुविधाओं का सपना साकार करने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 को लागू करने का एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। सितंबर 2024 में केंद्र सरकार ने इस नई योजना के लिए दिशा-निर्देश जारी किए और 14 अक्टूबर 2024 को सह्याद्री में हुई मंत्रिमंडल बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
अपने घर का सपना होगा साकार
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2015 से महाराष्ट्र में लागू है। राज्य के 399 शहरों में इस योजना का प्रभावी क्रियान्वयन जारी है। अब तक 14.70 लाख मकानों को मंजूरी दी जा चुकी है, जिनमें से 3.79 लाख मकान बनकर तैयार हो चुके हैं। यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लिए एक वरदान साबित हुई है। अब, दूसरे चरण में और भी उन्नत सुविधाओं के साथ घर बनाए जाएंगे।
महाराष्ट्र की अन्य खबरें पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें…
PMAY 2.0 की प्रमुख विशेषताएँ
30 से 45 वर्ग मीटर के घर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लिए बनाए जाएंगे, जिनमें शौचालय और अन्य बुनियादी सुविधाएँ होंगी।
योजना के चार प्रमुख घटक:
- व्यक्तिगत आवास निर्माण (BLC) – स्वयं के प्लॉट पर घर बनाने के लिए।
- साझेदारी में किफायती आवास (AHP) – निजी क्षेत्र की भागीदारी के साथ।
- किराये पर किफायती आवास (ARH) – मजदूरों और प्रवासी श्रमिकों के लिए।
- ब्याज सब्सिडी योजना (ISS) – होम लोन पर ब्याज में छूट।
संपूर्ण शहरी बुनियादी सुविधाएँ
इस योजना के तहत केवल घर ही नहीं, बल्कि जल आपूर्ति, सीवेज प्रबंधन, सड़कें, और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं भी प्रदान की जाएंगी। दिव्यांगजनों के लिए विशेष रैंप, आंगनवाड़ी केंद्र, वर्षा जल संचयन प्रणाली, सौर ऊर्जा समाधान, और हरित क्षेत्रों के लिए स्थानीय वृक्षारोपण जैसी सुविधाओं को भी शामिल किया गया है।
इस योजना को महाराष्ट्र गृहनिर्माण एवं क्षेत्र विकास प्राधिकरण (MHADA) और नगर परिषद प्रशासन संचालनालय (DMA) के सहयोग से लागू किया जा रहा है। अब तक राज्य में 43,989 परिवारों का पंजीकरण किया जा चुका है। PMAY (Urban) 2.0 के माध्यम से, महाराष्ट्र के हजारों परिवारों का अपने घर का सपना साकार होगा।
