अजित पवार का खास बनकर ठगे 65 लाख! SRA फ्लैट के नाम पर मुंबई में 12 लोगों के साथ बड़ी धोखाधड़ी
Mumbai SRA Scam: मुंबई में खुद को पूर्व डिप्टी सीएम अजित पवार के ऑफिस का स्टाफ बताकर एक ठग ने 12 लोगों को SRA फ्लैट दिलाने के नाम पर 65 लाख रुपये का चूना लगा दिया।
- Written By: आकाश मसने
अजित पवार के कार्यालय का कर्मचारी बताकर 65 लाख की ठगी (प्रतीकात्मक तस्वीर, सोर्स: सोशल मीडिया)
Ajit Pawar Office Fake Staff Fraud: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई से ठगी का एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने राजनीतिक गलियारों से लेकर आम जनता तक के होश उड़ा दिए हैं। खुद को महाराष्ट्र के पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के कार्यालय का कर्मचारी बताने वाले एक शातिर ठग ने मुंबई के ताडदेव इलाके में SRA फ्लैट दिलाने के नाम पर 12 मासूम लोगों को करीब 65 लाख रुपये का तगड़ा चूना लगा दिया है।
पीड़ितों की शिकायत के बाद ताडदेव पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का मामला दर्ज कर उसकी तलाश तेज कर दी है। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान घाटकोपर निवासी लतीफ शांतवन राजगुरु के रूप में हुई है।
अजित पवार के नाम पर बुना ठगी का जाल
मुंबई पुलिस में दर्ज FIR के मुताबिक, 42 वर्षीय आरोपी लतीफ शांतवन राजगुरु ने कथित तौर पर 12 लोगों से 65.12 लाख रुपये की धोखाधड़ी की। उसने दावा किया कि वह दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार के कार्यालय में काम करता है और अपने सरकारी संपर्कों का इस्तेमाल करके ‘अयोग्य’ झुग्गी-झोपड़ियों को नियमित करवा सकता है। साथ ही उन्हें झुग्गी पुनर्वास प्राधिकरण (SRA) के तहत पुनर्वास फ्लैट दिलवा सकता है।
सम्बंधित ख़बरें
PM Awas Yojana 2.0: अल्पसंख्यकों और आर्थिक कमजोर वर्ग के लिए ‘स्वप्नपूर्ति’ योजना शुरू; बनेंगे 518 किफायती घर
भंडारा: पवनी में कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, खाद और बीजों की कालाबाजारी के खिलाफ छापामार कार्रवाई से हड़कंप
Bullet Train Project पर संकट! 40,000 करोड़ का अतिरिक्त बोझ, कंपनी ने कहा- बंद हो सकती है परियोजना
अमरावती मनपा के नए आयुक्त डॉ. मंगेश गोदावले ने संभाला पदभार, आय बढ़ाने और अतिक्रमण पर कार्रवाई का दावा
उसने यह भी कहा कि उसके पास 200 से अधिक अपात्र आवेदकों की फाइलें हैं, जिन्हें पात्र बनाकर ताडदेव के तुलसीवाड़ी स्थित एसआरए भवन में फ्लैट दिलाए जाएंगे।
12 लोगों से वसूले 65 लाख रुपए
शिकायतकर्ता महिला ताडदेव की निवासी है और एक अस्पताल में केयरटेकर के रूप में कार्यरत है। आरोपी के झांसे में आकर महिला ने 20.64 लाख रुपए दिए, जबकि उसके तीन परिचितों ने 15.55 लाख रुपए जमा किए। आरोपी पहले ही 8 अन्य लोगों से भी एसआरए फ्लैट के नाम पर रकम ले चुका था। उसने कुल 12 लोगों से 65 लाख रुपये वसूले, लेकिन किसी को भी फ्लैट नहीं मिला।
यह भी पढ़ें:- Bullet Train Project पर संकट! 40,000 करोड़ का अतिरिक्त बोझ, कंपनी ने कहा- बंद हो सकती है परियोजना
पुलिस ने शुरू की जांच
मुंबई पुलिस की जांच में पता चला कि आरोपी का पूर्व उपमुख्यमंत्री दिवंगत अजित पवार के कार्यालय से कोई संबंध नहीं है। इसके बाद सभी पीड़ितों ने ताडदेव पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ फर्जी दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज किया है। फिलहाल उसकी तलाश जारी है और पूछताछ के बाद गिरफ्तारी की कार्रवाई की जाएगी।
