Ancient Gold Coin Seized In Mumbai Airport : छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर तैनात मुंबई कस्टम्स ज़ोन-3 के अधिकारियों ने एक बड़ी और अनोखी तस्करी का पर्दाफाश किया है। 10 फरवरी 2026 को लंदन से वर्जिन अटलांटिक एयरलाइंस (फ्लाइट VS-354) के जरिए मुंबई पहुंचे एक भारतीय यात्री के पास से अत्यंत दुर्लभ और ऐतिहासिक सोने-चांदी के सिक्के बरामद किए गए हैं।
मुंबई एयरपोर्ट पर रूटीन चेकिंग और खुफिया जानकारी के आधार पर जब यात्री की तलाशी ली गई, तो उसके पास से कुछ प्राचीन सिक्के मिले जिनकी उसने कस्टम घोषणा (Declaration) नहीं की थी। ये सिक्के यात्री ने अपने सामान में छिपा कर रखे थे। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि ये सिक्के न केवल आर्थिक रूप से कीमती हैं, बल्कि इनका पुरातात्विक महत्व भी अमूल्य है।
कस्टम अधिकारियों द्वारा जब्त किए गए सिक्कों में तीन प्रमुख आइटम शामिल हैं, जो भारतीय इतिहास के अलग-अलग कालखंडों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
गोल्ड मोहर (ईस्ट इंडिया कंपनी): यह 12.37 ग्राम की सोने की मोहर है, जो बंगाल प्रेसीडेंसी के मुर्शिदाबाद मिंट से जारी की गई थी। इस पर मुगल शासक शाह आलम द्वितीय के नाम के साथ एएच 1202/आरवाय 19 अंकित है।
प्राचीन कुषाण दीनार: 8.00 ग्राम वजन का यह सोने का सिक्का कुषाण साम्राज्य के राजा हुविष्क के समय का बताया जा रहा है।
मुगलकालीन चांदी का रुपया: 11.44 ग्राम का यह सिक्का सम्राट जहांगीर के काल का है। इसकी खास बात यह है कि इस पर ‘कर्क’ राशि (Cancer Zodiac) का चिन्ह और अहमदाबाद मिंट का निशान मौजूद है।
भारतीय कानून के अनुसार, ऐतिहासिक कलाकृतियों और पुरातात्विक महत्व की वस्तुओं को बिना अनुमति के देश में लाना या ले जाना ‘पुरातत्व और कला कोष अधिनियम, 1972’ और ‘सीमा शुल्क अधिनियम’ का गंभीर उल्लंघन है। कस्टम अधिकारियों ने यात्री को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। विभाग यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि यात्री को ये सिक्के कहाँ से मिले और क्या वह किसी अंतरराष्ट्रीय तस्करी गिरोह का हिस्सा है।
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मुंबई कस्टम्स ने स्पष्ट किया है कि कीमती धातुओं और ऐतिहासिक वस्तुओं के आयात-निर्यात के कड़े नियम हैं। यात्री को अपनी सुरक्षा और कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए हमेशा सामान की सही घोषणा करनी चाहिए। फिलहाल, इन सिक्कों को मूल्यांकन के लिए पुरातत्व विभाग (ASI) के पास भेजा जा सकता है।