

MPSC Controversy Alleged WhatsApp Chat Leak: महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग (MPSC) की परीक्षा प्रक्रिया को लेकर एक नया विवाद सामने आया है। आयोग के सहसचिव दिलीप वाघे के नाम से सामने आई एक कथित WhatsApp चैट को लेकर पुलिस भर्ती की तारीख और संभावित परीक्षा केंद्र से जुड़ी गोपनीय जानकारी आधिकारिक घोषणा से पहले साझा किए जाने का आरोप लगाया जा रहा है। हालांकि, इस चैट की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
कथित चैट सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद MPSC अभ्यर्थियों और अभिभावकों के बीच नाराजगी की बात कही जा रही है। शरद पवार गुट की NCP के युवा प्रदेशाध्यक्ष महेबुब शेख ने कथित चैट साझा करते हुए मामले की स्वतंत्र जांच की मांग की है।
वहीं, विधायक रोहित पवार ने आयोग के अध्यक्ष के इस्तीफे की मांग की है। इन राजनीतिक दावों को संबंधित नेताओं के बयान के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
इस बीच मुंबई क्राइम ब्रांच ने MPSC ड्रग इंस्पेक्टर स्क्रीनिंग परीक्षा के कथित प्रश्नपत्र लीक मामले में चार और लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें दो उम्मीदवार और दो कथित बिचौलिए शामिल हैं। ताजा गिरफ्तारियों के बाद मामले में गिरफ्तार आरोपियों की कुल संख्या 11 हो गई है।
गिरफ्तार उम्मीदवारों की पहचान सांगली के साजिद संदे और बुलढाणा के विजय किंगर के रूप में हुई है। दोनों पर कथित तौर पर प्रश्नपत्र गैरकानूनी तरीके से हासिल करने का आरोप है। वहीं, नवी मुंबई के रहने वाले संदीप खलाटे और भैरवनाथ कदम को कथित बिचौलियों के तौर पर गिरफ्तार किया गया है।
MPSC ने 22 मार्च 2026 को महाराष्ट्र राज्य के छह केंद्रों पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग में ड्रग इंस्पेक्टर, ग्रुप-बी के 154 पदों के लिए स्क्रीनिंग परीक्षा आयोजित की थी। जांच के दौरान प्रश्नपत्र की गोपनीयता भंग होने के आरोप सामने आए। मामले में पहले भी आयोग से जुड़े अधिकारियों, बिचौलियों और एक उम्मीदवार की गिरफ्तारी हो चुकी है।
प्रारंभिक जांच के बाद MPSC ने संबंधित भर्ती प्रक्रिया रद्द कर दोबारा परीक्षा कराने की घोषणा की थी। पुलिस मामले में कथित प्रश्नपत्र लीक की पूरी कड़ी और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।