
Maharashtra Top 10 News Update: महाराष्ट्र की राजनीति और सामाजिक गलियारों में आज कई बड़ी हलचलों का दिन रहा। एक तरफ मुंबई में महाराष्ट्र साइबर अवेयरनेस प्रोग्राम के दौरान कॉमेडियन समय रैना की मजेदार टिप्पणी पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी ठहाके लगाने से नहीं रोक पाए, वहीं दूसरी ओर ओबीसी प्रमाणपत्र विवाद को लेकर महाविकास आघाडी (MVA) में सुप्रिया सुले और विजय वडेट्टीवार के बीच अंदरूनी कलह खुलकर सामने आ गई है।
इसके अलावा, मुंबई के परेल में हिंसा, पुणे में दर्दनाक हादसा, 'मोदी एक्सप्रेस' की वापसी और बीएमसी की विजिलेंस कार्रवाई जैसी राज्य की आज की 10 प्रमुख और बड़ी खबरों को यहां पढ़ें एक साथ।
महाराष्ट्र सरकार द्वारा आयोजित एक हाई-प्रोफाइल इवेंट का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से ट्रेंड कर रहा है। इस वीडियो में देश के चर्चित स्टैंडअप कॉमेडियन और यूट्यूबर समय रैना अपने चिर-परिचित अंदाज में नजर आ रहे हैं। मौका था मुंबई में आयोजित ‘महाराष्ट्र साइबर अवेयरनेस प्रोग्राम’ का, जहां मंच पर राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी मौजूद थे। समय रैना ने न सिर्फ सीएम की मौजूदगी में मंच संभाला, बल्कि महाराष्ट्र पुलिस और साइबर सेल पर ऐसा मजेदार तंज कसा कि खुद मुख्यमंत्री भी अपनी हंसी नहीं रोक पाए।
महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर से सियासी पारा चढ़ गया है। विपक्षी गठबंधन महाविकास आघाडी में आंतरिक कलह खुलकर सामने आ गई है। ओबीसी प्रमाणपत्र विवाद को लेकर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की सांसद सुप्रिया सुले और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व विधानसभा के पूर्व विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार के बीच सीधा टकराव देखने को मिला है।
शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत ने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के न्यूयॉर्क दौरे, ऑटो-रिक्शा चालकों और मराठी भाषा विवाद पर प्रतिक्रिया दी है।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए संजय राउत ने कहा, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत न्यूयॉर्क जा रहे हैं। अमेरिका की ओर से उनको आमंत्रण दिया गया है। भारत की तरह अमेरिका भी लोकतांत्रिक देश है। वहां आज भी मजबूत लोकतंत्र है। वहां बोलने की आजादी को मान्यता है लेकिन हिंदुस्तान में इस पर टकराव देखने को मिल रहा है। जिस तरह से युवाओं पर पैलेट गन चलाए गए वह भी एक मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में है।
महाराष्ट्र के पुणे जिले के पिंपरी-चिंचवड़ से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। पिंपरी-चिंचवड़ स्थित निगडी प्राधिकरण के एक अंडरग्राउंड चैंबर में फंसने के बाद दम घुटने से दो युवा कर्मचारियों की मौत हो गई है।
मुंबई के परेल इलाके में ईद-ए-मिलादुन्नबी के जुलूस के दौरान नाकाबंदी को लेकर दो गुटों के बीच विवाद के बाद तनाव की स्थिति पैदा हो गई। भोईवाड़ा पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले डॉक्टर बी.ए. रोड पर स्थित सेंट्रल रेलवे परेल वर्कशॉप के सामने जुलूस के दौरान दो गुटों के बीच जोरदार हिंसक झड़प हो गई। गाड़ियों के मॉडिफाइड साइलेंसर और तेज आवाज वाले हॉर्न को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद देखते ही देखते सड़क पर खूनी संघर्ष में तब्दील हो गया।
पुणे के बहुचर्चित लोहगढ़ केतन अग्रवाल हत्याकांड ने एक बार फिर तूल पकड़ लिया है। मामले की मुख्य आरोपी सिया गोयल को येरवडा महिला जेल में कथित तौर पर विशेष और नियमविरुद्ध सुविधाएं दिए जाने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। इन आरोपों के बाद मामले की निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।
गणेशोत्सव का त्योहार आते ही मुंबई में रहने वाले कोंकण वासियों के मन में अपने पैतृक गांव जाने की उत्सुकता चरम पर पहुंच जाती है। इस पावन अवसर पर भक्तों की यात्रा को सुगम और आनंदमय बनाने के लिए एक बार फिर आपकी मोदी एक्सप्रेस सेवा में लौटने के लिए पूरी तरह तैयार है।
महाराष्ट्र में खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन के खिलाफ कार्रवाई तेज होने के बीच बीएमसी की विजिलेंस टीमों ने अप्रैल 2025 से मार्च 2026 के बीच मुंबई में करीब 48,166 किलो मांस जब्त कर नष्ट किया। इनमें लगभग 90 फीसदी यानी 43,498 किलो बोवाइन मीट (गोवंश का मांस) था। बीएमसी के अनुसार, यह कार्रवाई अवैध वध, अनधिकृत स्थानों पर बिक्री और अस्वच्छ तरीके से मांस की हैंडलिंग सहित विभिन्न उल्लंघनों के मामलों में की गई है।
मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी-नारकोटिक्स सेल को नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। बांद्रा टर्मिनस के पास 10 करोड़ रुपये की चरस बरामदगी के हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस ने मुख्य सप्लायर को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान के बाद मुंबई पुलिस की विशेष टीम ने बिहार और नेपाल बॉर्डर पर जाल बिछाकर उसे धर दबोचा। अधिकारियों के अनुसार, आरोपी देश छोड़कर नेपाल भागने की तैयारी में था, लेकिन सही समय पर हुई कार्रवाई से वह हत्थे चढ़ गया।
नागपुर का बालासाहब ठाकरे गोरेवाड़ा अंतरराष्ट्रीय प्राणी उद्यान अपनी भव्यता और बड़े क्षेत्रफल के लिए जाना जाता है, लेकिन इसी परिसर का रेस्क्यू सेंटर अब क्षमता के सवाल पर घिरता नजर आ रहा है। घायल वन्यजीवों के इलाज और देखभाल के लिए बनाए गए केंद्र में बाघों और तेंदुओं की संख्या के मुकाबले उपलब्ध पिंजरों की कमी चिंता बढ़ा रही है।