महाराष्ट्र के शिक्षकों की छुट्टियां रद्द: अप्रैल से जून तक करना होगा जनगणना का काम; मुख्यालय छोड़ने पर रोक
मुंबई में शिक्षकों को गर्मी की छुट्टियों में जनगणना के काम में लगाया जाएगा, जिससे नाराजगी का माहौल है।
Maharashtra Census 2026 News: मुंबई सहित राज्यभर में इस वर्ष स्कूलों की गर्मी की छुट्टियां 2 मई से 14 जून तक रहेंगी, लेकिन इस बार शिक्षक इन छुट्टियों का पूर्ण लाभ नहीं उठा पाएंगे। सरकार ने शिक्षकों को आगामी जनगणना के पहले चरण के कार्य में लगाने का निर्णय लिया है, जिससे शिक्षकों में नाराजगी देखी जा रही है।
शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार सभी अनुदानित, गैरअनुदानित प्राथमिक व माध्यमिक स्कूलों तथा कॉलेजों के शिक्षकों के लिए जनगणना कार्य अनिवार्य किया गया है। कई जिलों में शिक्षा अधिकारियों ने शिक्षकों को छुट्टियों के दौरान मुख्यालय नहीं छोड़ने के निर्देश भी जारी किए हैं।
मई से शुरू होगा घर-घर सर्वे
वर्ष 2011 के बाद पहली बार हो रही जनगणना के तहत 16 मई से 14 जून के बीच घरों की गणना और सूची तैयार की जाएगी। इससे पहले अप्रैल के अंत से लेकर मई की शुरुआत तक प्रगणक और पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। परीक्षा कार्य समाप्त होते ही शिक्षकों को प्रशिक्षण में शामिल होना होगा।
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टीईटी की तैयारी पर असर
जुलाई में प्रस्तावित टीईटी परीक्षा को देखते हुए शिक्षकों का कहना है कि जनगणना कार्य के कारण उन्हें तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाएगा, जिससे शैक्षणिक गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं।
विशेष अवकाश का प्रावधान
सरकार की ओर से आश्वासन दिया गया है कि छुट्टियों में जनगणना कार्य करने वाले शिक्षकों को उतने ही दिनों का विशेष अवकाश दिया जाएगा। हालांकि, शिक्षकों का मानना है कि इससे नए शैक्षणिक सत्र के कामकाज पर असर पड़ सकता है।
दिव्यांग शिक्षकों को छूट की मांग
घर-घर जाकर सर्वेक्षण करने की बाध्यता को देखते हुए विभिन्न स्थानों के दिव्यांग शिक्षक संगठनों ने इस कार्य से उन्हें छूट देने की मांग उठाई है। इस संबंध में शिक्षा अधिकारियों को ज्ञापन भी सौंपे गए हैं।
