Maharashtra HSC Board Exam 2026 शुरू: 13 लाख छात्र शामिल, 85% कक्षाओं में CCTV निगरानी
Maharashtra Board Exam 2026: महाराष्ट्र में 12वीं बोर्ड परीक्षा मंगलवार से शुरू हो रही है, जिसमें 13 लाख से अधिक छात्र शामिल होंगे। नकल रोकने के लिए 85% परीक्षा कक्षों में CCTV लगाए गए हैं।
- Written By: अपूर्वा नायक
बोर्ड की परीक्षा (AI Generated Image)
HSC Board Exams: महाराष्ट्र राज्य माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की 12वीं (एचएससी) परीक्षा मंगलवार से पूरे राज्य में शुरू हो रही है।
इस वर्ष करीब 13 लाख से अधिक छात्रों के परीक्षा में शामिल होने की संभावना है। परीक्षा का आयोजन 3,387 केंद्रों पर किया जा रहा है, जहां कुल 61,484 कक्षाओं में विद्यार्थी परीक्षा देंगे।
CCTV निगरानी और सुरक्षा इंतजाम
महाराष्ट्र बोर्ड के अनुसार, परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने और नकल रोकने के लिए 85 प्रतिशत से अधिक परीक्षा कक्षों में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। शेष केंद्रों पर भी कड़ी निगरानी रखने के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती और स्टाफ की अदला-बदली की व्यवस्था की गई है। इससे परीक्षा प्रक्रिया को निष्पक्ष और सुरक्षित बनाने में मदद मिलेगी।
सम्बंधित ख़बरें
नागपुर में झमाझम बारिश का धमाका: 2 घंटे की मूसलाधार बारिश ने उमस को किया छूमंतर, पारे में भारी गिरावट
4 मर्डर करके आया हूं… अगला नंबर तुम्हारा है, पनवेल-CSMT लोकल में नशेड़ी का तांडव, देखें वायरल VIDEO
चेंबूर स्कूल बस हादसे में BMC की बड़ी गाज; सब-इंजीनियर सस्पेंड, विभागीय जांच और कड़े एक्शन के आदेश
सिर्फ 2 घंटे की बारिश में सड़कें बनीं दरिया, संभाजीनगर मनपा मुख्यालय भी डूबा; यही थी प्री-मानसून तैयारी?
संवेदनशील केंद्रों पर विशेष नजर
राज्य बोर्ड ने उन परीक्षा केंद्रों की पहचान कर ली है, जहां पहले नकल या गड़बड़ी की घटनाएं सामने आई थीं। ऐसे केंद्रों पर विशेष निरीक्षण दल तैनात किए गए हैं, जो परीक्षा के दौरान लगातार निगरानी करेंगे। बोर्ड के कार्यकारी अध्यक्ष नंदकुमार बेडसे ने कहा कि किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें :- Viral News: मुंबई की मरीन ड्राइव पर घिनौनी हरकत, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ VIDEO
नकल पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
बोर्ड ने परीक्षा केंद्र के रूप में कार्यरत स्कूलों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि परीक्षा में गड़बड़ी या नकल पाए जाने पर उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। यदि किसी स्कूल में नकल का मामला सामने आता है, तो अगले शैक्षणिक वर्ष से उसकी परीक्षा केंद्र के रूप में मान्यता रद्द कर दी जाएगी। इन सख्त उपायों का उद्देश्य छात्रों के लिए निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा वातावरण सुनिश्चित करना है।
