सीएम ने पेश किया 7,69,467 करोड़ रुपये का बजट, घाटे के बीच स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे व आर्थिक विकास पर फोकस
Devendra Fadnavis: महाराष्ट्र बजट 2026-27 में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 7.69 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किया, जिसमें किसान कर्जमाफी, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार व रोजगार सृजन पर जोर दिया गया है।
- Written By: सूर्यप्रकाश मिश्र | Edited By: आंचल लोखंडे
budget Maharashtra (सोर्सः सोशल मीडिया)
Maharashtra Budget 2026-27: शुक्रवार को राज्य विधानसभा में महाराष्ट्र का वर्ष 2026-27 का आर्थिक बजट मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पेश किया। 40,552 करोड़ रुपये के राजस्व घाटे के साथ 7,69,467 करोड़ रुपये के इस बजट में सरकार ने राज्य के किसानों को कर्जमाफी की सौगात देते हुए स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और आर्थिक विकास को गति देने के लिए कई बड़ी योजनाओं और परियोजनाओं को आगे बढ़ाने का दावा किया है। बजट में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, परिवहन नेटवर्क के आधुनिकीकरण, उद्योग और रोजगार सृजन पर विशेष जोर दिया गया है।
अजीत पवार को समर्पित
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यह बजट पूर्व उपमुख्यमंत्री और वित्तमंत्री स्वर्गीय अजित पवार को समर्पित करते हुए कहा कि अजीत दादा ने सर्वाधिक 11 बार राज्य का बजट पेश किया था। अब उनके न रहने पर मुझे यह बजट पेश करना पड़ा है और इस बजट में उनके आर्थिक अनुशासन की छाया दिखाई देगी। सरकार ने इस बजट में स्वर्गीय अजित पवार के नाम पर स्मारक बनाने की घोषणा भी की है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े कदम
राज्य सरकार ने स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत करने के लिए 29 महानगरपालिकाओं, 247 नगरपालिकाओं और 147 नगर पंचायतों में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम और स्वास्थ्य विभाग की गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराने हेतु शहरी स्वास्थ्य आयुक्तालय स्थापित करने की घोषणा की है।
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मुख्यमंत्री ने बताया कि नागपुर में “महाराष्ट्र स्वास्थ्य सार्वजनिक संस्थान” की स्थापना की जाएगी, जहां उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और अनुसंधान की व्यवस्था होगी। इसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संस्थानों का सहयोग लिया जाएगा। कैंसर, अंग प्रत्यारोपण और हृदय रोग जैसी गंभीर बीमारियों की जांच और उपचार के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में 4,500 करोड़ रुपये की स्वास्थ्य परियोजना लागू की जाएगी।
महाराष्ट्र डिजिटल स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी मिशन
राज्य में “महाराष्ट्र डिजिटल स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी मिशन” भी शुरू किया जाएगा, जिससे रियल-टाइम डैशबोर्ड के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी और बेहतर निर्णय लिए जा सकेंगे। राज्य में वर्तमान में 35 सरकारी मेडिकल कॉलेज संचालित हैं, जबकि 11 नए मेडिकल कॉलेज विभिन्न चरणों में निर्माणाधीन हैं। महात्मा फुले जन आरोग्य योजना के अंतर्गत उपचारों की संख्या 1,356 से बढ़ाकर 2,399 कर दी गई है और सूचीबद्ध अस्पतालों की संख्या 1,792 से बढ़कर 4,537 हो गई है।
आठवणींमधील ‘दादा’
आजचा अर्थसंकल्प दादांना समर्पित…#Maharashtra #Ajitdada #AjitPawar pic.twitter.com/7UKWn1Clei — Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) March 6, 2026
आर्थिक विकास का लक्ष्य
राज्य में चल रही रेल, सड़क, मेट्रो और जल परिवहन से जुड़ी परियोजनाओं के माध्यम से सरकार ने महाराष्ट्र की अर्थव्यवस्था को 1 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है।
किसानों को कर्जमाफी की सौगात
कृषि क्षेत्र का जीडीपी 55 अरब डॉलर से बढ़ाकर 500 अरब डॉलर करने का लक्ष्य रखा गया है। उद्योग क्षेत्र का उत्पादन 123 अरब डॉलर से बढ़ाकर 1,500 अरब डॉलर करने की योजना- सेवा क्षेत्र का उत्पादन 312 अरब डॉलर से बढ़ाकर 3,000 अरब डॉलर तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
बुनियादी ढांचे और परिवहन पर जोर
राज्य में शहरी विकास को बढ़ावा देने के लिए 50 से अधिक नियोजित शहरी समूह विकसित किए जाएंगे और स्थानीय निकायों की सेवाओं को 100 प्रतिशत डिजिटल बनाया जाएगा। जल परिवहन को मजबूत करने के लिए 125 किमी के जलमार्ग को बढ़ाकर 340 किमी तक किया जाएगा तथा 6,600 करोड़ रुपये की लागत से नए टर्मिनल विकसित किए जाएंगे।
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बजट का आकार
- वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में 7,69,467 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
- अनुमानित राजस्व प्राप्ति: 6,16,099 करोड़ रुपये
- अनुमानित राजस्व व्यय: 6,56,651 करोड़ रुपये
- अनुमानित राजस्व घाटा: 40,552 करोड़ रुपये
- राजकोषीय घाटा: 1,50,491 करोड़ रुपये
रोजगार सृजन का लक्ष्य
मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में शुरू मेट्रो, सुरंग मार्ग, समुद्री पुल और एक्सप्रेसवे जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स से बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होने की उम्मीद है। राज्य में मेट्रो नेटवर्क को 1,200 किमी तक विस्तारित करने की योजना है। इसके अलावा 18 बड़े औद्योगिक केंद्र स्थापित किए जाएंगे और प्रत्येक जिले में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग (MSME) केंद्र बनाए जाएंगे, जिससे करीब 50 लाख रोजगार सृजित होने की उम्मीद है।
सरकार रत्न एवं आभूषण नीति, बांस विकास परियोजना और डिजिटल निवेश मंच “इन्वेस्ट महाराष्ट्र” के माध्यम से निवेश और उद्योगों को बढ़ावा देगी। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि 75 हजार सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।
