

Lalbaugcha Raja Visarjan Procession Mumbai: मुंबई के प्रसिद्ध लालबागचा राजा के शाही विसर्जन की तैयारियां पूरी हो गई हैं। शुक्रवार सुबह 10 बजे लालबाग के राजा की औपचारिक उत्तर पूजा होगी। पूजा संपन्न होने के बाद दोपहर 12 बजे विसर्जन के लिए भव्य जुलूस रवाना होगा।
लालबागचा राजा का विसर्जन जुलूस मुंबई के सबसे लंबे जुलूसों में शामिल है। यह जुलूस आमतौर पर 22 घंटे से अधिक समय तक चलता है। मंडप से प्रतिमा बाहर निकलते ही लालबाग और आसपास का इलाका ‘गणपति बप्पा मोरया’ के जयघोष से गूंज उठेगा।
प्रतिमा को मंडप से बाहर लाने के बाद मुंबई पुलिस की ओर से लालबाग के राजा को सलामी दी जाएगी। इसके बाद शाही जुलूस लालबाग मार्केट से आगे बढ़ेगा। जुलूस के पूरे मार्ग पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।
लालबाग मार्केट से निकलने के बाद जुलूस मुख्य प्रवेशद्वार, भारत रत्न डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर मार्ग, भारत माता सिनेमा और लालबाग पुलिस चौकी क्षेत्र से होकर आगे बढ़ेगा।
इसके बाद लालबाग के मुख्य प्रवेशद्वार, ऑफ बिल्डिंग और चिंचपोकली ब्रिज की ओर जुलूस जाएगा। चिंचपोकली ब्रिज के पास लालबाग के राजा पर फूलों की बारिश की जाएगी।
आगे जुलूस भायखला रेलवे स्टेशन, हिंदुस्तान मस्जिद, मुंबई शहर अग्निशमन दल मुख्यालय, खड़ा पारसी, दो टैंक, कुंभारवाड़ा और सुतार गली से होकर गुजरेगा।
इसके बाद माधवबाग, वीपी रोड और प्रार्थना समाज होते हुए जुलूस गिरगांव चौपाटी की ओर बढ़ेगा। मुंबई अग्निशमन दल मुख्यालय के पास फायर ब्रिगेड की ओर से सायरन बजाकर प्रतिमा को सलामी दी जाएगी। दो टैंक क्षेत्र में मुस्लिम समुदाय के लोगों द्वारा फूल चढ़ाकर स्वागत किए जाने की भी तैयारी है।
जुलूस प्रार्थना समाज, गिरगांव चौपाटी सिग्नल और बीएमसी रिसेप्शन रूम, गिरगांव चौपाटी होते हुए विसर्जन स्थल तक पहुंचेगा। कार्यक्रम के अनुसार, 26 सितंबर, शनिवार सुबह 6 बजे लालबाग के राजा की प्रतिमा को राफ्ट के जरिए अरब सागर में ले जाकर विसर्जन किया जाएगा।
लंबे जुलूस को देखते हुए श्रद्धालुओं और प्रशासन के लिए मार्ग पर सुरक्षा एवं भीड़ प्रबंधन महत्वपूर्ण रहेगा।