Bombay HC से गेटवे टर्मिनल्स इंडिया को बड़ी राहत, 170 करोड़ के जीएसटी डिमांड नोटिस पर अंतरिम रोक
Bombay High Court ने गेटवे टर्मिनल्स इंडिया पर लगाए गए करीब 170 करोड़ रुपये के जीएसटी डिमांड नोटिस पर अंतरिम रोक लगा दी है। अंतिम सुनवाई तक कर विभाग कोई दमनकारी वसूली कार्रवाई नहीं कर सकेगा।
- Written By: अपूर्वा नायक
Bombay High Court (फोटो क्रेडिट-इंस्टाग्राम)
Bombay High Court GST Relief: बॉम्बे हाईकोर्ट ने गेटवे टर्मिनल्स इंडिया को बड़ी राहत देते हुए कंपनी पर लगाए गए करीब 170 करोड़ रुपये के जीएसटी डिमांड नोटिस पर अंतरिम रोक लगा दी है।
इस राशि में कर, ब्याज और जुर्माना शामिल है। अदालत के इस आदेश के बाद अंतिम सुनवाई तक कर विभाग कंपनी के खिलाफ किसी भी प्रकार की दमनकारी वसूली कार्रवाई नहीं कर सकेगा।
प्रक्रियागत खामियों का आरोप
कंपनी की ओर से अदालत में दायर याचिका में कहा गया कि कर विभाग द्वारा जारी किया गया जीएसटी डिमांड नोटिस प्रक्रियागत खामियों से भरा हुआ है। कंपनी का दावा था कि उनके द्वारा उठाई गई आपत्तियों पर उचित तरीके से विचार नहीं किया गया और मांग जीएसटी कानून के प्रावधानों के अनुरूप नहीं है। अदालत ने प्रारंभिक सुनवाई के दौरान इन तर्कों में दम पाते हुए अंतरिम राहत प्रदान की।
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अंतिम सुनवाई तक वसूली पर रोक
हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार मामले की अंतिम सुनवाई तक कर विभाग कंपनी के खिलाफ कोई कठोर वसूली कार्रवाई नहीं करेगा। इससे कंपनी को कानूनी प्रक्रिया के दौरान राहत मिली है और उसे अपना पक्ष विस्तार से रखने का अवसर मिलेगा।
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लॉजिस्टिक्स और पोर्ट सेक्टर के लिए अहम फैसला
कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार यह निर्णय लॉजिस्टिक्स और पोर्ट सेक्टर से जुड़ी कंपनियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां जीएसटी से जुड़े विवाद लगातार सामने आ रहे हैं। अदालत का यह आदेश भविष्य में ऐसे मामलों में प्रक्रियागत पारदर्शिता और कानूनी अनुपालन के महत्व को भी रेखांकित करता है। फिलहाल मामले की आगे की सुनवाई का इंतजार किया जा रहा है।
