Mumbai: पवई झील के सटीक सीमांकन के लिए बीएमसी का बड़ा कदम, 1.78 करोड़ का सर्वे मंजूर
Mumbai News: बीएमसी ने पवई झील की सटीक सीमाएं तय करने के लिए 1।78 करोड़ रुपये के विस्तृत सर्वे को मंजूरी दी है, जिससे अतिक्रमण रुकेगा और आईआईटी–वेस्टिन विवाद सुलझेगा।
- Written By: अपूर्वा नायक
पवई झील (सौ. सोशल मीडिया )
Powai Lake Survey: पवई झील के सटीक सीमांकन के लिए बीएमसी ने व्यापक सर्वेक्षण कार्य शुरू करने का निर्णय लिया है। इसके लिए लगभग 1.78 करोड़ रुपये की लागत वाले प्रस्ताव को हाल ही में बीएमसी आयुक्त एवं प्रशासक भूषण गगराणी ने मंजूरी दी है।
झील के उत्तर और पूर्वी हिस्सों में सीमा रेखाओं को लेकर स्पष्टता न होने के कारण विकास कायों में बाधाएं उत्पन्न हो रही थीं।
वेस्टिन होटल और आईआईटी मुंबई के बीच चल रहा विवाद
इसी वजह से अब टोटल स्टेशन तकनीक का उपयोग किया जाएगा, पवई झील की भू-सीमाओं को लेकर वैस्टिन होटल और आईआईटी मुंबई के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा है, जिसके चलते झील के निश्वित सीमांकन की मांग लगातार की जा रही थी।
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इस पृष्ठभूमि में जल विभाग ने विस्तृत सर्वेक्षण की रूपरेखा तैयार की है। इस कार्य के लिए छह ठेकेदारों ने निविदाएं दाखिल की थी, तकनीकी परीक्षण के बाद कसबसे कम दर देने वाले ठेकेदार का वयन किया गया है।
नगर निगम ने इस सर्वेक्षण के लिए 12 महीने की अवधि निर्धारित की है। इसमें से कुछ राशि चालू वित्तीय वर्ष में दी जाएगी, जबकि शेष राशि अगले बजट से उपलब्ध कराई जाएगी। इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलने की जानकारी नगर निगम अधिकारियों ने दी है।
पवई झील का निर्माण वर्ष 1890 में किया गया था। कुल 223 हेक्टेयर क्षेत्रफल वाली इस झील की परिधि 10।60 किलोमीटर है और इसमें 5,455 मिलियन लीटर पानी संग्रहित करने की क्षमता है। झील के पूर्वी तट का सीमांकन अभी तक स्पष्ट नहीं है।
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बढ़ते अतिक्रमणों के कारण झील का क्षेत्रफल कम होता जा रहा है, इसलिए झील और उससे सटे अपने भूभाग को सुरक्षित रखने के लिए बीएमसी ने यह निर्णय लिया है। इस संबंध में बीएमसी अधिकारियों ने कहा कि इस सर्वेक्षण से पवई झील की सीमाओं को लेकर पूरी स्पष्टता मिलेगी और भविष्य के विकास कार्यों को सही दिशा देना संभव होगा।
