Jalna नगर परिषद नतीजे: भाजपा का दबदबा, भोकरदन में राकांपा की अप्रत्याशित जीत
Jalna Election Results: जालना जिले की तीन नगर परिषदों के नतीजों में परतूर व अंबड़ में BJP ने जीत दर्ज की, जबकि भोकरदन में राकांपा ने अप्रत्याशित जीत हासिल की। परतूर में BJP ने कांग्रेस से सत्ता छीनी।
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Jalna Municipal Council Election Results News: जालना जिले की तीन नगर परिषदों के चुनाव परिणाम रविवार, 21 दिसंबर को घोषित किए गए। परतूर व अंबड़ में भाजपा का परचम लहराया। भोकरदन में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) ने अप्रत्याशित तरीके से भाजपा प्रत्याशी को आसमान दिखाकर अपना दबदबा बरकरार रखा।
परतूर में नगर परिषद में भाजपा की नगराध्यक्ष पद की प्रत्याशी प्रियंका राक्षे ने जीत दर्ज कर कांग्रेस से सत्ता छीन ली। उन्होंने कांग्रेस राष्ट्रवादी (अजीत पवार गुट) की प्रत्याशी शांताबाई हिवाले को परास्त किया।
चुनाव में कई दिग्गज नेताओं को अप्रत्याशित झटकों का सामना करना पड़ा। परतूर नगर परिषद के नतीजों पर पूरे जिले की निगाहें टिकी थीं। यहां भाजपा ने निर्णायक बढ़त हासिल करते हुए कांग्रेस के हाथों से सत्ता छीन ली।
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BJP की मजबूत पकड़
भाजपा की नगराध्यक्ष पद की प्रत्याशी प्रियंका राक्षे ने 1.800 मतों के भारी अंतर से जीत दर्ज की। उन्होंने राको कांग्रेस (अजीत पवार गुट) की प्रत्याशीशांताबाई हिवाले को पराजित किया।
इस परिणाम को क्षेत्र में कांग्रेस और राष्ट्रवादी गुट के लिए बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है। नतीजों से पूर्व विधायक सुरेशकुमार जेबलिया की राजनीतिक स्थिति पर भी असर पड़ने की चर्चा है।
अंबड़ नगर परिषद में भाजपा एक बार फिर अपनी सत्ता बरकरार रखने में सफलता हासिल की है। यहां भाजपा की उम्मीदवार देवयानी कुलकर्णी विजयी रहीं।
अंबड़ में भाजपा की मजबूत पकड़ ने यह स्पष्ट कर दिया कि क्षेत्र में पार्टी का संगठन अभी भी प्रभावी स्थिति में है। इस परिणाम को राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार गुट) के वरिष्ठ नेता राजेश टोपे के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
दानवे परिवार की राजनीतिक पकड़ ढीली
भोकरदन नगर परिषद के नतीजों ने जिले की राजनीति की तस्वीर बदल दी। भाजपा के कद्दावर नेता व पूर्व केंद्रीय मंत्री रावसाहेब दानवे के गढ़ माने जाने वाले भोकरदन में राकां (शरद पवार गुट) ने सत्ता हासिल की है।
पार्टी की नगराध्यक्ष पद की प्रत्याशी समरीन मिर्जा ने कांग्रेस और भाजपा दोनों को पछाड़ते शानदार जीत दर्ज की। इस परिणाम को न केवल भाजपा, बल्कि कांग्रेस के जिला नेतृत्व के लिए भी बड़ा झटका माना जा रहा है।
राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज है कि भोकरदन जैसे मजबूत किले में मिली हार ने दानवे परिवार की राजनीतिक पकड़ पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
रावसाहेब के घर के सामने निकाला जुलूस
भोकरदन में जीत के बाद राकां (शरद पवार गुट) के कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने मिला। शहर में विजय जुलूस निकाला गया। आतिशबाजी, गुलाल और नारों से पूरा इलाका गूंज उठा, जिससे राजनीतिक माहौल और अधिक गरमा गया।
जिले की इन तीन नगर परिषदों के नतीजों ने आगामी विधानसभा और अन्य स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं के चुनावों के लिए स्पष्ट संकेत दे दिए हैं। भाजपा ने 2 नगर परिषदों में अपनी संगठनात्मक ताकत साबित की है।
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वहीं, भोकरदन में राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार गुट) की जीत ने यह दिखा दिया है कि जिले की राजनीति में अब मुकाबला और भी दिलचस्प और चुनौतीपूर्ण होने वाला है।
