जलगांव को मिले 730 करोड़ रुपये, पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल ने जिला वार्षिक योजना के तहत दी मंजूरी
जिला वार्षिक योजना 2025-26 के लिए जलगांव को 729.87 करोड़ रुपये के प्रारूप को सोमवार को पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल की अध्यक्षता में हुई जिला नियोजन समिति की बैठक में मंजूरी दे दी गई है...
- Written By: आकाश मसने
जिला नियोजन समिति की बैठक में मौजूद पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल व अन्य (सोर्स: सोशल मीडिया)
जलगांव: जिला वार्षिक योजना 2025-26 के लिए जलगांव को 729.87 करोड़ रुपये के प्रारूप को सोमवार को पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल की अध्यक्षता में हुई जिला नियोजन समिति की बैठक में मंजूरी दे दी गई है। जलगांव जिले में अब विकासकार्याें में तेजी आएगी।
जलगांव शहर के प्रमुख सड़कों पर फुटपाथ सहित नालियां बनाने की आवश्यकता है। ताकि सड़कें खराब न हों, इसके लिए सरकार को प्रस्ताव भेजने के निर्देश पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल ने दिए।
बैठक में विशेष रूप से शहीद जवानों के लिए निधि मिलने के लिए सरकार से मांग करने का प्रस्ताव भी इस दौरान स्वीकृत किया गया। जिला नियोजन समिति की बैठक में पालकमंत्री और जिलाधिकारी द्वारा किए गए उत्कृष्ट कार्य के लिए सांसद, विधायक द्वारा अभिनंदन प्रस्ताव पारित किया गया।
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किसे मिला कितना फंड
साल 2025-26 के लिए जलगांव जिले के लिए कुल 729.87 करोड़ रुपये का निधि मंजूर किया गया है। जिसमें: सामान्य योजना 574.59 करोड़ रुपये, विशेष घटक योजना (अनुसूचित जाति) 93 करोड़ रुपये, आदिवासी उपयोजना 62.28 करोड़ रुपये शामिल है।
जिला नियोजन के निधि में से जिला विकास आरेख के लिए 25 प्रतिशत निधि देना है और वह राशि 145 करोड़ रुपये है। इस बारे में चर्चा की गई और निधि को मंजूरी दी गई।
शहीद जवानों के स्मारकों के लिए निधि की मांग
पिछली बैठक में जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में शहीद जवानों के लिए प्रत्येक को 25-30 लाख रुपये निधि मंजूर करने के बारे में विषय रखा गया था। लेकिन, जिला नियोजन के तहत स्मारकों के लिए योजना बंद होने के कारण उस पर खर्च करना संभव नहीं था। इसलिए विशेष मामला के रूप में सरकार से अतिरिक्त निधि की मांग करने का प्रस्ताव किया गया है।
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जिले में होंगे ये काम
- राजस्व विभाग के कार्यालय और जिला परिषद कार्यालयों को आधुनिक और जनोन्मुखी बनाना।
- डिजिटल तकनीक का उपयोग बढ़ाकर गुड गवर्नेंस के तहत तेज और सक्षम सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए डिजिटल तकनीक के परियोजनाओं को गति देना।
- किसानों को बिना रुकावट बिजली उपलब्ध हो, इसके लिए ट्रांसफार्मर लगाने के लिए 30 करोड़ रुपये का निधि का प्रावधान किया गया है।
- विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए जिले के सभी नगरपालिका, जिला परिषद स्कूल, सरकारी आश्रम शालाओं में सीसीटीवी लगाने का प्रावधान किया गया है।
- 100% अंगनवाड़ी भवन निर्माण पूरा करने के लिए निधि दिया जाएगा। जिन ग्राम पंचायतों के पास कार्यालय नहीं है, वहां ग्राम पंचायत कार्यालय और श्मशान भूमि निर्माण के लिए प्राथमिकता से निधि दिया जाएगा।
- जिले के तीर्थस्थल और पर्यटन स्थल विकास में ‘क’ वर्ग तीर्थस्थल और अन्य पर्यटन स्थलों का विकास करने के लिए निधि दिया जाएगा।
- साथ ही शहर क्षेत्र में महानगरपालिका और नगरपालिका क्षेत्र में सड़कें, नालियां और बिजली के लिए अतिरिक्त प्रावधान किया गया है।
- युवा और छात्र विकास के लिए व्यायामशालाओं का निर्माण और उपकरण उपलब्ध कराना साथ ही जिला परिषद के स्कूलों के लिए खेल सामग्री उपलब्ध कराना, अध्ययनिका निर्माण और प्रतियोगिता परीक्षाओं के लिए मार्गदर्शक शिविर आयोजित करने के लिए निधि का प्रावधान इसमें होगा।
- बिजली का प्रश्न दिनों दिन गंभीर होता जा रहा है और इसके लिए किसानों को दिन में बिजली आपूर्ति के लिए मुख्यमंत्री सौर ऊर्जा परियोजना लगाने के काम को इसमें शामिल किया जाएगा।
- पालकमंत्री गुलाबराव पाटिल बताया कि सांसद और विधायक द्वारा आए मांग के अनुसार राज्य स्तरीय बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों के गांवों में जन सुविधाओं के लिए 100 करोड़ रुपये की अतिरिक्त मांग की जाएगी।
