48 घंटे बाद भी ‘आदमखोर’ तेंदुआ गिरफ्त से बाहर! तिरोड़ा के खड़की में वन विभाग ने शुरू किया ‘ऑपरेशन गौशाला’
Tiroda Leopard News: 48 घंटे बाद भी 'आदमखोर' तेंदुआ आजाद। वन विभाग ने बिछाया 'छोटा गौशाला' का जाल, ड्रोन से हो रही निगरानी। खड़की-डोंगरगांव में भारी आक्रोश और दहशत।
- Written By: प्रिया जैस
ऑपरेशन गोशाला (सौजन्य-नवभारत)
Gondia Forest Department: खड़की-डोंगरगांव में माता-पिता के साथ चूल्हे के पास हाथ सेक रहे तीन वर्षीय हियांस रहांगडाले पर तेंदूए ने हमला किया व उसे उठाकर ले गया। इस घटना को 48 घंटे लौट गए, लेकिन तेंदुए को पिंजरे में कैद करने में वन विभाग को सफलता हासिल नहीं हुई। ग्रामीणों को बढ़ता आक्रोश देख वन विभाग ने जंगल परिसर में छोटा गौशाला तैयार करने की नीति अपनाई है।
वहीं सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। तेंदुआ गांव परिसर में घुम रहा है। इसलिए ग्रामीणों में अब भी डर का माहौल बना हुआ है। तिरोड़ा के ग्राम खड़की(डोंगरगांव) में 9 जनवरी को सुबह 7.30 बजे के दौरान अपने घर के पीछे आंगन में चूल्हे के पास हाथ सेक रहे माता-पिता के साथ बैठे तीन वर्षीय हियांस शिवशंकर रहांगडाले पर वहीं घात लगाए बैठे तेंदुए ने अचानक हमला किया और उसे उठाकर ले गया।
सीसीटीवी कैमरे से निगरानी
इस घटना से संपूर्ण गांव में दहशत व आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का आक्रोश देख वन विभाग की ओर से तेंदुए को कैंद करने के लिए गांव परिसर में चार पिंजरे लगाए गए। लेकिन इस घटना आज 48 घंटे बीत चुके हैं, लेकिन तेंदुआ पिंजरे में कैद नहीं हुआ। जिससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। अब वन विभाग ने नई नीति अपनाई है और तेंदुए पर नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
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साथ ही दो छोटे गौशाला तैयार किए गए हैं। एक खड़की पहाड़ी पर तो दूसरा लेंडीटोला के पास बनाया गया है। वहीं दो सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। प्रभारी डीएफओ व एसीएफ विजय धांडे के नेतृत्व में तीन टीमों को बुलाया गया है, इस दौरान प्रभारी डीएफओ विजय धांडे ने कहां कि अफवाह पर विश्वास न रखे व वन विभाग को सहयोग करें।
सांसद पडोले ने की परिवार से भेंट
घटना की जानकारी मिलने के बाद सांसद डॉ. प्रशांत पडोले ने रहांगडाले परिवास से भेंट की। इस अवसर पर बच्चे की मां काजल रहांगडाले, पिता शिवशंकर रहांगडाले, कंठीलाल रहांगडाले, पूर्व विधायक दिलीप बंसोड, राधेलाल पटले, रमेश टेंभरे, वाई.टी. कटरे, सरपंच हितेंद्र बावने, डीएफओ विजय धांडे, वनपरिक्षेत्राधिकारी रविकमल भगत, आई.टी. पटले, पुलिस पाटिल साहेबराव बंसोड व ग्रामीण उपस्थित थे।
