गोंदिया में बारिश के बाद धान की खेती ने पकड़ी रफ्तार, 10 हजार हेक्टेयर में नर्सरी और रोपाई शुरू
Gondia Monsoon: गोंदिया जिले में जुलाई की शुरुआत से हुई अच्छी बारिश के बाद धान की खेती ने गति पकड़ ली है। अब तक 3,059 हेक्टेयर में प्रारंभिक रोपाई और 10,000 हेक्टेयर में नर्सरी का काम पूरा हो चुका है।
- Written By: केतकी मोडक
खरीफ फसल रोपाई प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मीडिया)
Gondia District Sowing Data Update: जून माह में बारिश की कमी के बाद जुलाई की शुरुआत से गोंदिया जिले में अच्छी बारिश होने से धान की खेती ने रफ्तार पकड़ ली है। अब तक जिले में 3,059 हेक्टेयर क्षेत्र में धान की प्रारंभिक रोपाई की जा चुकी है, जो कुल लक्ष्य का लगभग 1.5% है। वहीं 10 हजार (10,000) हेक्टेयर क्षेत्र में धान की नर्सरी लगाई गई है, जो निर्धारित लक्ष्य का करीब 50% है।
कृषि विभाग के अनुसार हाल की अच्छी बारिश से खेतों में पर्याप्त नमी बन गई है। आने वाले 15 दिनों में धान की रोपाई का कार्य तेज होने की संभावना है। फिलहाल जिले में व्यापक स्तर पर रोपाई का कार्य शुरू नहीं हुआ है। गोंदिया जिले के लगभग 90% कृषि क्षेत्र में धान की खेती की जाती है। यहां ‘जयश्रीराम’, ‘केशर’ और ‘कालीमूछ’ जैसी धान की किस्में पूरे राज्य में प्रसिद्ध हैं। ‘धान का कटोरा’ कहे जाने वाले गोंदिया जिले में इस वर्ष संतोषजनक वर्षा के कारण अगले दो महीनों में खरीफ धान की रोपाई पूरी होने का अनुमान है। किसान पारंपरिक, उन्नत व संशोधित तीनों प्रकार के बीजों का उपयोग कर रहे हैं।
जिले के 932 गांवों में औसतन 1 लाख 68 हजार 98.84 (1,68,098.84) हेक्टेयर क्षेत्र में धान की खेती की जाती है। अब तक 10 हजार (10,000) हेक्टेयर में नर्सरी तैयार हो चुकी है, जबकि 3,059 हेक्टेयर में धान की प्रारंभिक रोपाई पूरी हुई है। इसके अलावा जिले में 312 हेक्टेयर क्षेत्र में अरहर (तुअर) की बुआई भी की गई है। जिले भर में हुई अच्छी बारिश से किसानों में उत्साह का माहौल है। खेत रोपाई के लिए तैयार होते ही 15 दिनों में धान की रोपाई का कार्य तेजी से शुरू होने की संभावना है।
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312 हेक्टेयर में अरहर की बुआई
जिले में अब तक 312 हेक्टेयर क्षेत्र में अरहर की बुवाई की गई है। इसमें अर्जुनी मोरगांव तहसील में 138 हेक्टेयर, गोंदिया में 87 हेक्टेयर, गोरेगांव में 28.1 हेक्टेयर, तिरोड़ा में 29 हेक्टेयर, देवरी में 6.9 हेक्टेयर, आमगांव में 4.2 हेक्टेयर तथा सड़क अर्जुनी में 18.4 हेक्टेयर क्षेत्र शामिल है।
तहसीलवार बुआई रिपोर्ट
| तहसील | धान रोपाई क्षेत्र (हेक्टेयर में) | नर्सरी क्षेत्र (हेक्टेयर में) |
| गोंदिया | 19063.54 | 909.00 |
| गोरेगांव | 14880.25 | 749.00 |
| तिरोड़ा | 30628.03 | 1029.50 |
| अर्जुनी मोरगांव | 22395.15 | 1626.50 |
| देवरी | 13224.45 | 480.00 |
| आमगांव | 18152.19 | 837.00 |
| सालेकसा | 17744.38 | 1253.00 |
| सड़क अर्जुनी | 12010.85 | 1107.00 |
अभी खेत रोपाई योग्य नहीं
बघोली किसान उदाराम कवास ने कहा है कि बारिश देर से होने के कारण खेत अभी पूरी तरह रोपाई योग्य नहीं हो पाए हैं। इस वजह से रोपाई लगभग 15 दिन देर से होने की संभावना है। अब लगातार अच्छी बारिश होने से खेत जल्द तैयार हो जाएंगे और रोपाई शुरू कर दी जाएगी।
पर्याप्त वर्षा हुई, खेतों में तैयारी
गोंदिया जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी निलेश कानवडे ने कहा है कि जिले में रोपाई के लिए पर्याप्त वर्षा हो चुकी है, लेकिन खेतों की तैयारी अभी जारी है। जिन किसानों के पास सिंचाई की सुविधा थी, उन्होंने सीमित स्तर पर रोपाई पूरी कर ली है। अब तक 3,059 हेक्टेयर में धान की प्रारंभिक रोपाई तथा 10 हजार (10,000) हेक्टेयर में नर्सरी तैयार की जा चुकी है। जल्द ही रोपाई का कार्य गति पकड़ेगा।
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अब जल्द ही काम होगा शुरू
घोटी किसान भोजू रहांगडाले ने कहा है कि “धान की नर्सरी तैयार कर ली गई है। जैसे ही पौधे रोपाई योग्य होंगे, खेतों में रोपाई की जाएगी। इस वर्ष बारिश में लगभग एक महीने की देरी हुई, लेकिन अब अच्छी वर्षा होने से जल्द ही रोपाई का कार्य पूरा होने की उम्मीद है।”
