गोंदिया जिले के निर्माण के सूत्रधार खो गए! पूर्व वित्त मंत्री महादेवराव शिवणकर का निधन
Mahadev Shivankar Passes Away: गोंदिया जिले के निर्माण के सूत्रधार पूर्व वित्त मंत्री महादेवराव शिवणकर का निधन हो गया। उन्होंने लंबे समय तक आमगांव विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था।
- Written By: आंचल लोखंडे
गोंदिया जिले के निर्माण के सूत्रधार खो गए! (सौजन्यः सोशल मीडिया)
Gondia News: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता, महाराष्ट्र के पूर्व सिंचाई एवं वित्त मंत्री और पूर्व सांसद महादेवराव शिवणकर का आज (20) सोमवार को वृद्धावस्था के कारण निधन हो गया। उन्होंने सुबह 9 बजे आमगांव में अंतिम सांस ली, वे 85 वर्ष के थे।
उन्होंने लंबे समय तक गोंदिया जिले के आमगांव विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था। राज्य की राजनीति में उनका गहरा प्रभाव था। पिछले कुछ वर्षों से वे सक्रिय राजनीति से दूर थे। उनके निधन से राजनीतिक और सामाजिक जगत में खलबली मच गई है। उनके परिवार में दो बेटे विजय और संजय के अलावा एक बड़ा परिवार भी है। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार (21 अक्टूबर) सुबह होगा।
मंगलवार (21 अक्टूबर) को अंतिम संस्कार
प्रो. शिवांकर का अंतिम संस्कार मंगलवार (21 अक्टूबर) को सुबह 10 बजे सकरीटोला घाट, सालेकसा रोड, आमगाँव में किया जाएगा। उनके परिवार में उनके पुत्र और पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष विजय शिवांकर और संजय शिवांकर सहित एक बड़ा परिवार है।
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सिंचाई, जिले के विकास में एक बहुमूल्य योगदान
महादेवराव शिवणकर, जिन्होंने अपना करियर एक प्रोफेसर के रूप में शुरू किया था, ने राजनीति में प्रवेश करने के बाद कृषि और सिंचाई के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया। सिंचाई मंत्री रहते हुए उन्होंने गोंदिया जिले में कल्पथरी, बेवरटोला, ओवारा, पुजारीटोला, कालीसरार जैसी महत्वपूर्ण सिंचाई परियोजनाओं की स्थापना करके किसानों के विकास में योगदान दिया। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि भंडारा जिले का विभाजन करके गोंदिया जिले के निर्माण में उनका योगदान अमूल्य था। उन्हें गोंदिया जिले के निर्माण का सच्चा शिल्पकार माना जाता है।
संसद में उठी थी ‘भारत रत्न’ की मांग
अपने राजनीतिक जीवन में कई महत्वपूर्ण ज़िम्मेदारियाँ निभाने वाले प्रो. शिवणकर, 2004 में चिमूर लोकसभा क्षेत्र से निर्वाचित होने के बाद, राष्ट्रसंत तुकड़ोजी महाराज के लिए संसद में ‘भारत रत्न’ की माँग करने वाले पहले व्यक्ति थे।
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लंबा राजनीतिक सफ़र
- 7 अप्रैल, 1940 को आमगाँव में जन्मे प्रो. शिवणकर (एम.ए. अर्थशास्त्र, एम.ए. इतिहास) का राजनीतिक सफ़र काफ़ी लंबा और सफल रहा। उन्होंने 1978 से 2008 तक के चुनावों में अपना दबदबा बनाए रखा। उनके निधन से ऐसा लग रहा है कि राज्य और विदर्भ के विकास को दिशा देने वाला एक नेता चला गया है।
- वह 1978 से 1989 तक (तीन बार) और 1994 से 2004 तक (दो बार) आमगाँव विधानसभा क्षेत्र से विधायक रहे।
- उन्होंने 1989 से 1994 और 2004 से 2008 तक चिमूर लोकसभा क्षेत्र से सांसद के रूप में भी कार्य किया।
- उन्होंने 1999 से 2004 तक राज्य कैबिनेट मंत्री के रूप में सिंचाई, वित्त और योजना जैसे महत्वपूर्ण विभागों का कार्यभार संभाला।
- 1975 के आपातकाल के दौरान उन्हें जेल भी जाना पड़ा।
