गोंदिया में आवास निर्माण पूरा करने की मांग तेज, लाभार्थियों को तीसरी किस्त का इंतजार
Incomplete Houses Gondia: गोंदिया जिले में आवास योजनाओं के तहत 93।13% मकानों का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन 2,408 आवास अब भी अधूरे हैं।
Housing Scheme (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Gondia Housing Scheme: शासन की आवास योजनाओं का उद्देश्य प्रत्येक जरूरतमंद परिवार को पक्का और सुरक्षित घर उपलब्ध कराना है, लेकिन गोंदिया जिले में आज भी 2,408 परिवारों का अपना घर अधूरा है। बरसात के मौसम में इन परिवारों को अधूरे मकानों, टीन शेड और तिरपाल के सहारे जीवन गुजारना पड़ रहा है। कागजों में आवास निर्माण की प्रगति संतोषजनक दिखाई दे रही है, लेकिन हकीकत में हजारों परिवार अब भी अपने पक्के घर का इंतजार कर रहे हैं।
जिले में विभिन्न आवास योजनाओं के तहत 35,055 आवास स्वीकृत किए गए हैं। इनमें से 32,647 आवासों का निर्माण पूरा हो चुका है, जो कुल स्वीकृत आवासों का 93.13 प्रतिशत है। वहीं 2,408 आवास 6.87 प्रतिशत अभी भी अधूरे हैं। यह प्रतिशत भले ही कम दिखाई देता हो, लेकिन इसके पीछे हजारों परिवारों की परेशानी छिपी हुई है, जिन्हें बारिश के बीच अधूरे मकानों में रहने को मजबूर होना पड़ रहा है।
तीसरी किस्त के इंतजार में रुका आवास निर्माण
जानकारी के अनुसार कई स्थानों पर किस्तों का भुगतान समय पर नहीं होने, निर्माण सामग्री की बढ़ती कीमतों, मजदूरों की कमी, तकनीकी अड़चनों तथा लाभार्थियों की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण आवास निर्माण कार्य अधूरा रह गया है। कई मकान अंतिम चरण तक पहुंचने के बावजूद पूरे नहीं हो सके हैं।
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तीसरी किस्त नहीं मिलने से रुका निर्माण
आवास निर्माण पूरा करने के लिए तीसरी किस्त सबसे महत्वपूर्ण मानी जाती है। जिले में 32,619 लाभार्थियों को तीसरी किस्त मिल चुकी है, लेकिन 1,061 लाभार्थी अभी भी इस राशि का इंतजार कर रहे हैं। तीसरी किस्त नहीं मिलने से छत, प्लास्टर, दरवाजेखिड़कियां और फर्श जैसे अंतिम चरण के कार्य अधूरे पड़े हैं।
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परिणामस्वरूप कई परिवारों को अधूरे मकानों या अस्थायी आश्रयों में रहने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। बरसात के दौरान बढ़ी इन परेशानियों को देखते हुए आवास लाभार्थियों ने प्रशासन से अधूरे आवासों का निर्माण जल्द पूरा कराने और लंबित किस्तों का शीघ्र वितरण करने की मांग की है।
