

Gondia Housing Scheme: गोंदिया तहसील के ग्रामीण क्षेत्र में सरकार की रमाई आवास योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, मोदी आवास योजना जैसी विभिन्न आवास योजना के माध्यम से घरकुल का निर्माण कार्य किये जा रहे हैं, जिसमें निर्माण कार्य के अंर्तगत काम करने वाले मजदूरों को मस्टर के माध्यम से 90 दिन के हाजिरी के रुपए उनके खाते मे जमा कर दिए जाते हैं।
लगभग 28,080 रु. का उनकी मजदूरी होती है, लेकिन सांकेतिक क्रमांक की गलती से तहसील के लगभग 3 हजार लाभार्थियों के खाते में 90 दिन के कार्य की मजदूरी अब तक जमा नहीं हो पाई है। यह समस्या को एक वर्ष से अधिक का समय होते आ रहा है। इस समस्या को संबंधित प्रशासन के विभाग के सामने रखे जाने के बावजूद भी निराकरण नहीं हुआ।
सरकार द्वारा विभिन्न आवास योजनाओं के माध्यम से गरीब जरूरतमंद लाभार्थियों को उनके सपनों का घर बनाने का सपना दिखाया जाता है। सांकेतिक क्रमांक की समस्या लेकिन अब सांकेतिक क्रमांक की समस्या के चलते उसके मस्टर की 90 दिन की किए गए कार्य की मजदूरी सरकार व संबंधित विभाग के माध्यम से कब तक लौटाई जाएगी। इसकी आस में लाभार्थी राह तक रहे हैं। यदि घरकुल लाभार्थी के खाते में उनकी पूरी घरकुल की किश्त दे दी जाती है तो फिर उनके घरकुल निर्माण कार्य हो सकता है। मजदूरों की मजदूरी के रु। नहीं मिलते, जिसकी वजह से अब जब तक मस्टर के बिल नहीं निकलते तब तक उनकी आखिरी घरकुल निर्माण पूर्ण होने पर भी किश्त नहीं निकलेगी।
जनसामान्य नागरिक सांकेतिक क्रमांक समस्या से अवगत नहीं है, यहां जो समस्या उत्पन्न हुई है इससे घरकुल लाभार्थी आर्थिक संकट से जुझ रहे हैं, ऐसे में संबंधित विभाग ने इस और गंभीरता से ध्यान देकर घरकुल निर्माण मजदूर की मजदूरी उनके बैंक खाते में जल्द से जल्द जमा करनी चाहिए। ललित तावाडे, सरपंच, खातिया।
मजदूर देवेंद्र धनलाल बागडे ने कहा कि बड़े मुश्किल से सरकारी आवास योजना का लाभ मिला है, घरकुल का निर्माण कार्य भी पूर्ण हो रहा है। लेकिन अब तक हमारे खाते में घरकुल निर्माण कार्य की मजदूरी जमा नहीं की गई है, जिससे आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। सरकार से निवेदन है कि इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए इसका निराकरण करें।