भंडारा में श्रम बल सर्वेक्षण शुरू, रोजगार नीति निर्माण को मिलेगा आधार, नागरिकों से सहयोग की अपील
Periodic Labour Force Survey: भंडारा जिले में नियतकालिक श्रम बल सर्वेक्षण (PLFS) और असंगठित क्षेत्र के उद्योगों का वार्षिक सर्वेक्षण (ASUSE) शुरू हो गया है।
Employment Survey (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Bhandara PLFS Survey: भंडारा जिले में नियतकालिक श्रम बल सर्वेक्षण और असंगठित क्षेत्र के उद्योगों का वार्षिक सर्वेक्षण 15 जून से शुरू हो चुका है। जिला कलेक्टर सावन कुमार ने जिला कलेक्टरेट में आयोजित एक विशेष बैठक के दौरान इन दोनों महत्वपूर्ण सर्वेक्षणों का शुभारंभ किया। इस अवसर पर जिला सांख्यिकी विभाग के प्रभारी उपायुक्त अनिल नन्नेवार और महा स्ट्राइड के अधिकारी प्रमुखता से उपस्थित थे।
महाराष्ट्र में इन दोनों सर्वेक्षणों को विश्व बैंक की सहायता से राज्य सरकार के नियोजन विभाग की ओर से महा स्ट्राइड परियोजना के तहत चलाया जा रहा है। जिला कलेक्टर ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस सर्वेक्षण में बढ़चढ़कर हिस्सा लें और सही जानकारी दें।
भंडारा में पीएलएफएस और एएसयूएसई सर्वेक्षण शुरू
इस सर्वेक्षण के माध्यम से जिले में महिला व पुरुष श्रमिकों की वास्तविक भागीदारी, शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और बेरोजगारी की वर्तमान स्थिति का सटीक आंकड़ा प्राप्त होगा। पीएलएफएस सर्वेक्षण से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर श्रम बल भागीदारी दर एलएफपीआर और बेरोजगारी दर यूआर की गणना की जाएगी, जो भविष्य में रोजगार नीति बनाने में सहायक होगी।
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सालभर जुटाए जाएंगे आंकड़े
ASUSE के 48 घटकों का सर्वेक्षण वहीं एएसयूएसई के तहत असंगठित गैरकृषि प्रतिष्ठानों, जैसे छोटे व्यापारियों, परिवहन, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं से टैबलेट और लैपटॉप के माध्यम से डिजिटल जानकारी जुटाई जाएगी। यह सर्वेक्षण साल भर चलेगा और जिले में पीएलएफएस के 72 घटकों तथा एएसयूएसई के 48 घटकों का सर्वेक्षण किया जाएगा। नागरिकों से संकलित की गई सभी जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रखी जाएंगी।
