Maharashtra Ambedkar Jayanti News: भारतीय संविधान के शिल्पकार, भारतरत्न महामानव डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती जिले के विभिन्न स्थानों पर श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर कई विद्यालयों और संस्थानों में कार्यक्रम आयोजित कर उनके विचारों को स्मरण किया गया तथा उन्हें अपनाने का आह्वान किया गया।
जिला परिषद उच्च प्राथमिक शाला गुलाबटोला में जयंती कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत आंबेडकर के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन से हुई। प्रधानाध्यापक गोपाल काकड़े ने आंबेडकर के जीवन, संघर्ष और उनके महान कार्यों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को उनके आदर्शों पर चलने की प्रेरणा दी।
इस अवसर पर शिक्षक भोलाप्रसाद कडव, नंदा राऊत, कल्पना पटले, अल्का खोब्रागडे, पायल ठाकरे सहित शाला प्रबंधन समिति के पदाधिकारी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे। सभी ने समानता, शिक्षा और जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों के विचार एवं भाषणों के साथ हुआ।
के.पी. असाटी पब्लिक स्कूल, पालडोंगरी में आंबेडकर की 135वीं जयंती मनाई गई। प्राचार्य सुरेश उपाध्याय ने आंबेडकर की प्रतिमा का पूजन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कक्षा 9वीं के छात्रों अंकित नेमाडे एवं सार्थक रामटेके ने आंबेडकर के जीवन पर विचार व्यक्त किए, जबकि छात्राओं ने उनके आदर्शों पर आधारित नृत्य प्रस्तुत किया। नन्हे विद्यार्थियों ने आंबेडकर एवं माता रमाबाई की वेशभूषा में प्रस्तुति देकर सभी का मन मोह लिया। शिक्षकों ने आंबेडकर के विचारों एवं संविधान निर्माण में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। प्राचार्य ने छात्रों को विपरीत परिस्थितियों का सामना कर लक्ष्य प्राप्त करने की प्रेरणा दी।
गणेश हाईस्कूल एवं गणेश कनिष्ठ महाविद्यालय में प्राचार्य दुर्गाप्रसाद पटले की अध्यक्षता में जयंती मनाई गई। आंबेडकर के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन किया गया। प्राचार्य ने अपने संबोधन में आंबेडकर के जीवन, शिक्षा, सामाजिक न्याय एवं संविधान निर्माण में उनके योगदान को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
उन्होंने विद्यार्थियों से उनके विचारों को अपनाकर जीवन में आगे बढ़ने की अपील की। कार्यक्रम में शिक्षकों ने भी अपने विचार व्यक्त किए और शिक्षा के महत्व पर बल दिया। संचालन एवं आभार प्रदर्शन एस.के. निकोसे द्वारा किया गया। इन सभी कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों एवं उपस्थित जनों में समानता, शिक्षा और सामाजिक जागरूकता के प्रति प्रेरणा का संचार हुआ।