शराब विक्रेताओं को ग्राम पंचायत से नहीं मिलेगा कोई प्रमाण पत्र, गड़चिरोली के गांव ने किया फैसला
Gadchiroli News: गड़चिरोली के नागेपल्ली गांव में शराब बिक्री बढ़ने से सामाजिक माहौल प्रभावित। ग्राम पंचायत ने शराब विक्रेताओं को कोई भी प्रमाण पत्र न देने का निर्णय लिया है।
- Written By: आकाश मसने
ग्राम सभा में मौजूद ग्रामीण (फोटो नवभारत)
Gadchiroli Nagepalli Gram Panchayat Alcohol Problem: गड़चिरोली जिले की अहेरी तहसील के नागेपल्ली गांव में वर्तमान में शराब बिक्री बड़े पैमाने पर शुरू है। जिसके कारण गांव में नशेड़ियों की संख्या बढ़ने के कारण गांव का सामाजिक वातावरण दूषित हो रहा है। महिलाओं को विभिन्न परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
इसी बीच नागेपल्ली के ग्राम पंचायत में शराब बिक्री बंद करने संदर्भ में विशेष सभा का आयोजन किया गया। जिसमें शराब विक्रेताओं को ग्रापं द्वारा कोई भी दाखिला न देने का निर्णय लिया गया है। ग्रापं के इस निर्णय से गांव के शराब विक्रेताओं में खलबली मच गई है।
ग्राम सभा में हुए ये निणर्य
सभा में गांव में शुरू अवैध शराब बिक्री बंद करने के लिए ग्रापं में ग्रामसभा का आयोजन किया गया था। जिसमें शराबबंदी का निर्णय लेकर यदि कोई शराब बिक्री करते हुए पाए गए तो 10 हजार रुपये जुर्माना वसूला जाएगा।
सम्बंधित ख़बरें
गड़चिरोली में पुलिस को बड़ी कामयाबी, 11 साल से फरार नक्सल समर्थक बापू जनगम गिरफ्तार, कई गंभीर मामले थे दर्ज
गड़चिरोली में स्थानीय निकाय उपचुनाव के लिए आज मतदान; भाजपा और कांग्रेस के बीच प्रतिष्ठा की कड़ी टक्कर
मातोश्री पगडंडी सड़क योजना अधूरी, इस वर्ष भी गड़चिरोली के किसानों की राह नहीं होगी आसान
Gadchiroli News: मानापुर-अंगारा मार्ग बना जानलेवा, संकरी सड़क से बढ़ा हादसों का खतरा
साथ ही गांव में आयोजित किसी भी कार्यक्रम में विक्रेताओं को आमंत्रित नहीं किया जाएगा। शराब विक्रेताओं को पकड़कर देने वालों को 5 हजार रुपये का इमान देने का निर्णय लिया गया।
यह भी पढ़ें:- RSS में थे फिर भी कांग्रेसी के लिए बनाते थे खाना, वो नेता जिसने सत्ता छोड़ बदली गांवों की दास्तान
वहीं विभिन्न प्रस्ताव पारित कर शराबबंदी के निर्णय पर अमल करने के लिए महिला गांव संगठन व युवा संगठन की स्थापना की गई है। विशेषत: सभा में गांव के करीब 28 शराब विक्रेताओं को बुलाकर उनके खिलाफ जुर्माना वसूलने की चेतावनी दी गई। शराब विक्रेताओं से शराब न बेचने संदर्भ में गारंटी पत्र लिखकर लिया गया।
बैठक में सरपंच लम्क्षण कोडापे, गांव संगठन की कविता कोटरंगे, रेखा जंबोजवार, सविता गुरूनुले, साई कोकुलवार, दशरथ निकोडे, मुक्तिपथ की नंदिनी आशा, महेन्द्र उसेंडी आदि समेत ग्रामीण उपस्थित थे।
