अब गड़चिरोली के कुमरगुड़ा में नक्सली नहीं कर पाएंगे एंट्री! ग्रामीणों ने लिया बड़ा फैसला
Gadchiroli News: गड़चिरोली के कुमरगुड़ा गांव ने नक्सलियों की गांवबंदी तोड़ मुख्यधारा अपनाई। ग्रामीण अब दादालोरा खिड़की योजनाओं का लाभ लेकर विकास की ओर कदम बढ़ा रहे हैं।
- Written By: आकाश मसने
पुलिस अधिकारी के साथ कुमरगुड़ा ग्रामीण (फोटो नवभारत)
Gadchiroli Kumarguda Villagers Join Mainstream: गड़चिरोली जिले की भामरागड़ तहसील अंतर्गत आने वाले कुमरगुड़ावासियों ने मुख्यधारा में शामिल होने की दिशा में एक कदम आगे बढ़ाया है। यहां के ग्रामीण अब पुलिस दादालोरा खिड़की की विभिन्न योजनाओं की न केवल जानकारी प्राप्त कर रहे हैं, बल्कि योजनाओं का लाभ भी उठा रहे हैं।
गड़चिरोली के ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए पुलिस का निरंतर मार्गदर्शन मिल रहा है। ऐसे में सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने और गांव में विकास कार्यों को अंजाम देने के लिए ग्रामीणों ने नक्सलियों की गांवबंदी का निर्णय लिया है।
इस संबंध में ग्रामसभा में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर हाल ही में ग्रामीणों ने भामरागड़ पुलिस थाने में प्रस्ताव की एक प्रति पुलिस को सौंपी। पुलिस अधीक्षक नीलोत्पल के मार्गदर्शन में उपविभागीय पुलिस अधिकारी अमर मोहिते और भामरागड़ पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक दीपक डोंब की पहल पर ग्रामीणों ने यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया।
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इससे पहले भी कई गांवों ने लगाया नक्सलियों पर प्रतिबंध
2023 से चल रही नक्सल गांवबंदी योजना का लाभ उठाकर गड़चिरोली जिले के अनेक गांवों के लोगों ने नक्सलियों के अपने गांव में आने पर प्रतिबंध लगा दिया है। इसी श्रृंखला में अब ग्राम कुमरगुड़ा के लोगों द्वारा लिया गया यह निर्णय अन्य गांवों के लोगों के लिए भी प्रेरणादायी साबित होने की बात कही जा रही है।
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इस दौरान ग्रामीणों ने आश्वासन दिया कि गांव के नागरिक और युवा नक्सली संगठन में शामिल नहीं होंगे और न ही किसी तरह का काम करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वह गांव के वन क्षेत्र में नक्सलियों को रहने नहीं देंगे और न ही नक्सलियों की बैठकों में ही हिस्सा लेंगे।
