

Highlights:
भगवान बिरसा मुंडा की 151वीं जयंती के अवसर पर 13 से 15 नवंबर तक गड़चिरोली के जिला खेल परिसर में सांस्कृतिक महोत्सव आयोजित होगा।
15 नवंबर को होने वाले राष्ट्रीय समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअल माध्यम से मार्गदर्शन करेंगे। राज्यपाल, मुख्यमंत्री, दोनों उपमुख्यमंत्री और अन्य प्रमुख अतिथि प्रत्यक्ष रूप से उपस्थित रहेंगे।
13 और 14 नवंबर के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में राज्यभर से करीब 1,200 आदिवासी कलाकार शामिल होंगे।
Gadchiroli Tribal Cultural Festival: भगवान बिरसा मुंडा की 151 वीं जयंती तथा जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर गड़चिरोली के जिला खेल परिसर में 13 से 15 नवंबर तक आदिवासी सांस्कृतिक महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। इस महोत्सव तथा 15 नवंबर को होनेवाले राष्ट्रीय स्तर के मुख्य सरकारी समारोह की तैयारियों की समीक्षा जिलाधिकारी अविश्यांत पंडा ने 4 नवंबर को संबंधित विभागों की बैठक में की। उन्होंने सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर पूर्ण करने तथा सभी सुविधाओं की पूर्व जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
15 नवंबर को आयोजित होनेवाले मुख्य समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअल माध्यम से मार्गदर्शन करेंगे। इस अवसर पर राज्यपाल, केंद्रीय मंत्री, मुख्यमंत्री, दोनों उपमुख्यमंत्री, आदिवासी विकास मंत्री समेत आदि मान्यवर प्रत्यक्ष रूप से उपस्थित रहेंगे। मुख्य कार्यक्रम में लगभग 8 से 12 हजार नागरिकों के शामिल होने की अपेक्षा है। इसके अनुसार विभिन्न सुविधाओं तथा व्यवस्थाओं का नियोजन किया जा रहा है।
भगवान बिरसा मुंडा गौरव दिवस सेवा सप्ताह के अंतर्गत 11 से 18 नवंबर तक राज्यभर में विभिन्न जनकल्याणकारी उपक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस सप्ताह आदिवासी समुदाय को सरकारी योजनाओं का लाभ सुगमता से उपलब्ध कराने तथा उनके शैक्षणिक, आर्थिक, सामाजिक तथा स्वास्थ्य संबंधी सशक्तीकरण पर विशेष जोर दिया जाएगा। भगवान बिरसा मुंडा ने आदिवासी समाज के जल, जंगल, जमीन एवं पारंपरिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया था। उनके योगदान को स्मरण करने के लिए केंद्र सरकार ने 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस घोषित किया है।
इस आयोजन का उद्देश्य आदिवासी स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान, संस्कृति, परंपरा, इतिहास, भाषा तथा पहचान का संरक्षण और संवर्धन कर इस विरासत को आगामी पीढ़ियों तक पहुंचाना है। बैठक में जिलाधिकारी पंडा ने जिला खेल परिसर में आयोजित होनेवाले आदिवासी सांस्कृतिक महोत्सव के लिए कार्यक्रम स्थल की सुविधाओं, कलाकारों के आवास तथा भोजन व्यवस्था, परिवहन, पार्किंग, स्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाओं तथा बिजली आपूर्ति की विभागवार तैयारियों की समीक्षा की। महोत्सव के अंतर्गत 13 एवं 14 नवंबर को आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में राज्यभर से लगभग 1,200 कलाकारों के शामिल होने की अपेक्षा है। उनके आवास के लिए सरकारी छात्रावासों, मंगल कार्यालयों तथा होटलों में व्यवस्था करने का नियोजन किया गया है।
चंद्रपुर, अहेरी, भामरागड, चिमूर एवं अन्य क्षेत्रों से आने वाले लाभार्थियों तथा नागरिकों की यात्रा सुविधा के लिए एसटी महामंडल को अतिरिक्त बस सेवाएं उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए। भोजन की गुणवत्ता एवं स्वच्छता की जांच के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन के माध्यम से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की नियुक्ति करने का नियोजन किया गया है।
कार्यक्रम स्थल पर अस्थायी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने सहित अन्य आवश्यक स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की तैयारी भी की जा रही है। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण कर जनजातीय गौरव दिवस के राष्ट्रीय समारोह तथा आदिवासी सांस्कृतिक महोत्सव को सफल बनाने के निर्देश दिए।