

Chhatrapati Sambhajinagar Gunthewari File Fee Scam: छत्रपती संभाजीनगर में गुंठेवारी योजना के तहत संपत्तिधारकों को 50 प्रतिशत सुविधाओं का लाभ देने के फैसले के बाद अब प्रक्रिया के नाम पर उनसे कथित रूप से अधिक राशि वसूले जाने का मुद्दा सामने आया है।
कांग्रेस ने मनपा प्रशासन से गुंठेवारी की पूरी प्रक्रिया और संबंधित शुल्क को नियंत्रित करने की मांग की है। कांग्रेस का दावा है कि फाइल तैयार करने के लिए इंजीनियर और वास्तुविद 50 हजार से एक लाख रुपये तक शुल्क ले रहे हैं। इसे घटाकर 5 से 10 हजार रुपये के बीच निश्चित करने की मांग की गई है।
छत्रपती संभाजीनगर जिला कांग्रेस कमिटी के प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त आयुक्त कल्पिता पिंपले से मुलाकात कर इस संबंध में ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस ने मांग की कि गुंठेवारी के लिए संपत्तिधारकों द्वारा जमा किए जाने वाले आवेदनों का आधिकारिक रिकॉर्ड रखने के लिए मनपा में अलग आवक-जावक रजिस्टर शुरू किया जाए।
कांग्रेस के अनुसार फाइल तैयार करने वाले इंजीनियर या वास्तुविद द्वारा संपत्तिधारक से केवल निर्धारित शुल्क ही लिया जाना चाहिए। फाइल तैयार कर उसे संपत्तिधारक को सौंपने और मनपा के चालान की राशि संपत्तिधारक द्वारा स्वयं जमा करने के संबंध में स्पष्ट आदेश जारी किया जाए, ताकि अतिरिक्त राशि वसूली की गुंजाइश न रहे।
कांग्रेस ने फाइलों की जांच प्रक्रिया को भी सरल बनाने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि छानबीन के दौरान यदि किसी फाइल में कमियां मिलती हैं, तो अलग-अलग समय पर दस्तावेज मांगकर संपत्तिधारकों को मनपा के चक्कर न लगवाए जाएं। सभी कमियों की जानकारी एक ही पत्र के माध्यम से दी जाए और उन्हें दूर करने के लिए पर्याप्त अवसर दिया जाए।
छत्रपती संभाजीनगर में कांग्रेस ने कहा कि गुंठेवारी योजना का लाभ आम संपत्तिधारकों को आसानी से मिलना चाहिए। प्रक्रिया के दौरान उनकी आर्थिक लूट रोकने के लिए मनपा प्रशासन को तत्काल शुल्क और प्रक्रिया संबंधी स्पष्ट नियम निर्धारित करने चाहिए।
शहराध्यक्ष एड .सैयद अकरम के नेतृत्व में ज्ञापन सौंपा गया। इस अवसर पर इब्राहीम पठाण, इकबालसिंग गील, सुरेश पवार, राहुल सिरसाट, खंडारे, राम लोखंडे, मोहम्मद जाकेर और हकीम पटेल सहित अन्य उपस्थित थे।