Mahadiscom action (सोर्सः सोशल मीडिया)
Maharashtra Power Distribution: महाराष्ट्र राज्य विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड (महावितरण) के लघुदाब वर्ग के बिजली उपभोक्ताओं द्वारा बिल भुगतान के लिए दिए गए चेकों में बड़ी संख्या में चेक बाउंस होने का मामला सामने आया है।
चंद्रपुर परिमंडल में प्रतिमाह औसतन करीब 150 चेक अनादरित हो रहे हैं। फरवरी माह के पहले 22 दिनों में ही परिमंडल में 27 लाख रुपये के 120 चेक बाउंस हुए हैं। इनमें चंद्रपुर जिले के 85 और गड़चिरोली जिले के 35 चेक शामिल हैं।
बताया गया है कि कई उपभोक्ता बकाया बिजली बिल को लेकर होने वाली कार्रवाई टालने के लिए जानबूझकर अमान्य चेक देकर समय निकालने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे उपभोक्ताओं के खिलाफ अब आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
चेक अनादरित होने के प्रमुख कारणों में गलत तारीख, काट-छांट, गलत हस्ताक्षर, गलत नाम तथा खाते में पर्याप्त राशि का अभाव शामिल है। इससे बिजली बिल की वसूली प्रभावित हो रही है और बकाया राशि में वृद्धि हो रही है।
महावितरण ने स्पष्ट किया है कि चेक बाउंस होने पर संबंधित उपभोक्ता से प्रत्येक बिल पर 885 रुपये (विलंब शुल्क व जीएसटी सहित) अतिरिक्त दंड वसूला जाएगा, जिसे अगले महीने के बिल में अन्य प्रभार के रूप में जोड़ा जाएगा।
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यदि एक ही चेक से कई बिलों का भुगतान किया गया हो और वह अनादरित हो जाए, तो प्रत्येक बिल पर अलग-अलग दंड लगाया जाएगा। साथ ही, ऐसे उपभोक्ताओं की चेक द्वारा भुगतान की सुविधा छह माह के लिए निलंबित की जा सकती है। महावितरण ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे बिल भुगतान के समय सही और वैध चेक ही जमा करें, अन्यथा कड़ी कार्रवाई की जाएगी।