चंद्रपुर में लीक सिलेंडर से भड़की आग, युवक झुलसा; हादसे के बाद गैस सिलेंडरों की गुणवत्ता पर उठे सवाल
Chandrapur Cylinder Blast Scare: सावली तहसील के समदा बुजुर्ग में लीक सिलेंडर से आग लगने पर युवक झुलसा, घर का सामान जला। हादसे के बाद सिलेंडर गुणवत्ता और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे।
- Written By: अंकिता पटेल
चंद्रपुर सिलेंडर हादसा,(सोर्स: सौजन्य AI)
Chandrapur Gas Leak Fire Incident: चंद्रपुर जिले में इस समय सिलेंडर के लिए मारामारी शुरू है। इसी बीच, सावली तहसील के समदा बुज। में एक लीक सिलेंडर से आग लग गई। यह घटना शुक्रवार दोपहर को सामने आई। इसमें अतुल विलास कोहले (31, निवासी समदा बुज।) झुलस गए, साथ ही, घर का सामान जल गया है। जिससे बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है।
इससे लोगों को बांटे जा रहे सिलेंडर की गुणवत्ता पर सवालिया निशान लग गया है। गैस एजेंसी गड़चिरोली जिले की है, इसलिए दोनों जिलों के आपूर्ति अधिकारी जिम्मेदारी से बच रहे हैं। अब इस हादसे से लोगों की सुरक्षा का सवाल उत्पन्न हो गया है। सावली तहसील गढ़चिरोली जिले की सीमा पर है। इसलिए, गड़चिरोली की एजेंसी से सिलेंडर सावली तहसील के कई गांवों में आते हैं।
हमेशा की तरह, समदा बुज के रहने वाले अतुल कोहले आठ दिन पहले गड़चिरोली में HPCL की श्री गैस एजेंसी से सिलेंडर लाए थे। लेकिन, शादी के लिए तीन-चार दिन शहर से बाहर जाने की वजह से सिलेंडर इस्तेमाल नहीं हुआ। शुक्रवार को जब वह गांव से लौटे तो खाना बनाने के लिए सिलेंडर चालू किया। इसी बीच उन्हें सिलेंडर से गैस लीक होने की आवाज आई। उन्होंने रेगुलेटर हटाया तो सोचा कि शायद इसमें कोई दिक्कत है, लेकिन बर्तन से गैस लीक होकर बाहर निकलने लगी। देखते ही देखते गैस पूरे कमरे में फैल गई।
सम्बंधित ख़बरें
चंद्रपुर में गोवंश तस्करी पर बड़ी कार्रवाई, पडोली रोड पर एलसीबी का छापा; तीन आरोपी गिरफ्तार
Chandrapur: महाराष्ट्र मेडिकल काउंसिल चुनाव, 60 उम्मीदवार मैदान में; 9 पदों के लिए मुकाबला
फडणवीस का तंज, पब्लिसिटी के लिए कुछ भी बोलते हैं श्याम मानव, जस्टिस गवई का किया बचाव
चंद्रपुर जिला वार्षिक योजना 2026-27 पर मंथन, पालकमंत्री अशोक उईके ने विकास कार्यों की समीक्षा
घर में बिजली के सामान और कुछ दूसरी ज्वलनशील चीजों की वजह से सिलेंडर में आग लग गई। जब वह आग बुझाने गए तो अतुल कोहले के पैर पूरी तरह झुलस गए। इसमें वह घायल हो गए, आग पर काबू नहीं पाया जा सका। इसलिए, लोगों ने सिलेंडर पर रेत का ढेर लगाकर आग पर काबू पाया। हालांकि, जान का नुकसान नहीं हुआ, लेकिन उनके घर में चावल, बिजली के बोर्ड आदि समेत कई चीजों का बड़ा नुकसान हुआ है। इस घटना से बटि जा रहे सिलेंडर की गुणवत्ता पर सवाल उठे हैं। वहीं लोगों की सुरक्षा का सवाल भी अब सामने आया है।
वितरण पूर्व नही होती जांच
गैस सिलेंडर बेचने वाले 50-100 रुपये ज्यादा लेने के बाद रिसलेहर की जांच नहीं करते। सिलेंडर खराब होने की वजह से मैं इस बारे में पूछने गैस एजेंसी गया तो उन्होंने कहा कि हम आपका रेगुलेटर और सिलेंडर कंपनी को भेज देंगे, अगर कंपनी से आदेश आया तो हम आपको नया सिलेंडर देंगे, नहीं तो हम कुछ नहीं दे पाएंगे, चूंकि मेरा बहुत बड़ा नुकसान हुआ है। इसलिए प्रशासन को मुआवजा देना चाहिए। अतुल विलास कोहले। समंदा बुज
हमारा संबंध नहीं
सिलेंडर लाए गए थे, वह महचिरोली जिले में है। इसलिए इस बारे में हालांकि यह घटना चंद्रपुर जिले में हुई, लेकिन जिस एजेंसी से गडचिरोली जिले के प्रशासन से संपर्क किया जाना चाहिए।
– चंद्रपुर, डिस्ट्रिक्ट सप्लाई ऑफिसर, राहुल बहादुरकर
यह भी पढ़ें:-चंद्रपुर में गोवंश तस्करी पर बड़ी कार्रवाई, पडोली रोड पर एलसीबी का छापा; तीन आरोपी गिरफ्तार
प्रशासन करे जांच
श्री गैस एजेंसी गड़चौली जिले 66 में है, लेकिन दृकि यह घटन चंद्रपुर जिले की सीमा में हुई है, इसलिए स्थानीय प्रशासन को इसकी जांच करनी चाहिए, पंचनामा करना चाहिए और उचित कार्यवाही करना चाहिए, जिले की ऐसी कोई सीमा नहीं है कि गैस एजेंसी को सिलेंडर सप्लाई किए जाए, वहां के स्थानीय प्रशासन से रिपोर्ट मिलने पर ही हम कार्यवाही करेंगे।
-गड़चिरोली, छठे डिस्ट्रिक्ट सप्लाई ऑफिसर, शिरीष कापड़े
