

Food Poisoning Buldhana: महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले के धाड इलाके से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां संदिग्ध फूड पॉइजनिंग के कारण एक ही परिवार के तीन मासूम बच्चों की मौत हो गई। इस दुखद घटना में तीन भाई-बहनों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया, जबकि उनकी मां और एक छोटी बहन अभी भी अस्पताल में गंभीर स्थिति में हैं। इस घटना ने पूरे धाड गांव को झकझोर कर रख दिया है और इलाके में मातम पसरा हुआ है।
मृत बच्चों की पहचान मशिरा (7 वर्ष), मोहम्मद (4 वर्ष) और फातिमा (8 वर्ष) के रूप में हुई है। वहीं उनकी मां अफ़रीन (34 वर्ष) और सबसे छोटी बेटी अश्मिरा (3 वर्ष) का बुलढाणा के अलग-अलग अस्पतालों में सघन उपचार चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार, प्रारंभिक लक्षणों से ऐसा प्रतीत होता है कि परिवार ने अनजाने में किसी जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया था, जो उनके भोजन में मिला हो सकता है।
स्थानीय सूत्रों और रिश्तेदारों के अनुसार, परिवार के सदस्यों को रविवार शाम से ही पेट दर्द, मतली और लगातार उल्टी की शिकायत होने लगी थी। शुरुआत में इसे सामान्य मौसमी बीमारी समझकर घरेलू उपचार किया गया, लेकिन सोमवार सुबह तक स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। हालत बिगड़ने पर सभी को आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया, जहां सबसे पहले अली (मोहम्मद) और मशिरा ने दम तोड़ दिया।
शाम होते-होते फूड पॉइजनिंग मामले में तीसरी बच्ची फातिमा की भी इलाज के दौरान मौत हो गई, जिससे अस्पताल परिसर में चीख-पुकार मच गई। डॉक्टरों ने बताया कि मां अफ़रीन की हालत अभी भी चिंताजनक बनी हुई है और उन्हें एक निजी अस्पताल में निगरानी में रखा गया है। राहत की बात केवल यह है कि 3 वर्षीय अश्मिरा की स्थिति फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि 'फूड टॉक्सिसिटी' का स्तर बच्चों के लिए जानलेवा साबित हुआ।
धाड पुलिस ने इस मामले में आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस इस बात की पड़ताल कर रही है कि रविवार रात परिवार ने खाने में क्या लिया था और क्या उस भोजन में कोई बाहरी जहरीला तत्व मिला था। विसरा के नमूने फॉरेंसिक जांच के लिए भेजे गए हैं। गांव वालों का कहना है कि यह एक खुशहाल और सामान्य परिवार था, जिससे किसी साजिश की आशंका कम लगती है, लेकिन पुलिस हर एंगल से मामले की गहराई तक जाने की कोशिश कर रही है।