साकोली में अक्षय तृतीया की धूम; शुभ मुहूर्त पर सोना-वाहन खरीदारी तेज, बाजार सजे, मटकों की बिक्री बढ़ी
Sakoli News: साकोली में अक्षय तृतीया पर स्वर्ण आभूषण और वाहनों की खरीदारी के लिए भारी उत्साह है। पितृ पूजन के लिए लाल मटकों और पलाश के पत्तों की पत्तलों का महत्व बढ़ा, बाजारों में रौनक छाई।
sakoli Akshaya Tritiya News: साकोली हिंदू मान्यताओं में साढ़े तीन मुहूर्त को विशेष महत्व दिया जाता है। जिनमें से एक संपूर्ण मुहूर्त अक्षय तृतीया का होता है। जिससे इस दिन किए गए शुभ कार्य तथा खरीदारी अक्षय फल देने वाली मानी जाती है।
जिसके चलते अनेक लोग इस दिन स्वर्ण आभूषण तथा वाहन के साथ ही अन्य सामग्री की खरीदी पर जोर देते हैं। आज 19 अप्रैल रविवार को अक्षय तृतीया मनाई जाने वाली है। जिसके मद्देनजर बाजारों में रौनक है। वैशाख माह की तृतीया के दिन इस पर्व को मनाया जाता है। अनेक लोग वाहन खरीदी व अन्य सामग्रियों की खरीदी करते है।
साथ ही मकानों के निर्माण के शुभारंभ, गृहप्रवेश, उद्घाटन आदि शुभकार्य भी इसी दिन करते है। इस पर्व को अाखातीज भी कहा जाता है। लाल मटकों का विशेष महत्वअक्षय तृतीया के दिन पितरों के पूजन का विशेष महत्व होता है। इस दिन मिट्टी के लाल मटकों का पूजन कर पितरों को याद किया जाता है। साकोली शहर समेत तहसील भर में लाल मटकों की व्यापक बिक्री हुई।
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इसके साथ ही इस दिन पलाश के पत्तों की पत्तल का भी विशेष महत्व है। आज के आधुनिक युग में कागज की पत्तल हर तरफ देखी जाती है। लेकिन इस पर्व के मद्देनजर पत्तों की पत्तल व दोने बिकते हैं। इस माध्यम से पत्तल विक्रेताओं को रोजगार प्राप्त हो रहा है।
सराफा दुकानों में भीड़साकोली शहर के सराफा व्यापारियों को इस दिन अच्छा व्यापार होने की उम्मीद है, अक्षय तृतीया के मद्देनजर अनेक आभूषण विक्रेताओं को अच्छी आय की आस बढ़ गई है, वहीं विभिन्न शोरूम में वाहन खरीदी हेतु भीड़ नजर आने वाली है। अनेक लोगों ने पहले से ही वाहन कि बुकिंग करा कर रखी है वे सभी आज अपना वाहन अपने घरों में लाने की तैयारी में जुटे हैं।
वर्तमान में कम हुई कौओं की संख्याअक्षय तृतीया के मद्देनजर पितरों का पूजन करने की परंपरा है। हिंदू मान्यताओं में कौओं को पितरों का दूत माना जाता है। उनके माध्यम से ही भोग पितरों तक पहुंचाया जाता है। जिसके मद्देनजर पितरों का पूजन कर कौओं को भोग लगाया जाता है।
आजकल ग्रामीण अंचल में भले ही कहीं कहीं कौए नजर आते हैं। लेकिन शहरी क्षेत्र में कौए मिलना दुर्लभ हो गया है। साप्ताहिक बाजार के दिन रहेगी रौनकआज साप्ताहिक बाजार का दिन रविवार होने तथा अक्षय तृतीया का त्यौहार आने से आज बाजार में दिनभर ग्राहकों की रौनक रहेगी खास कर सराफा बाजार, बर्तन दुकान एवं ऑटोमोबाइल कि दुकान पर दिनभर ग्राहकों की भीड़ रहेगी यह अनुमान है।
