भंडारा में जादूटोने के आरोप में तीन महीने में दो हत्याएं, अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने जताई चिंता

Bhandara Witchcraft Murder: भंडारा जिले में जादूटोने के आरोप में तीन महीने के भीतर दो हत्याओं की घटनाओं से चिंता बढ़ गई है। महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने घटनाओं की निंदा की।
bhandara witchcraft allegation two murders anti superstition committee
भंडारा जादूटोना हत्या(सोर्सः सोशल मीडिया)
Updated on

Anti-Superstition Committee Bhandara: भंडारा जिले में जादूटोना करने के आरोप में निर्दोष लोगों की हत्या की घटनाएं सामने आने से अंधविश्वास का गंभीर मुद्दा एक बार फिर सामने आया है। गोबरवाही पुलिस थाना अंतर्गत सीतासावंगी में अप्रैल 2026 में जादूटोना करने के आरोप में एक व्यक्ति की हत्या की घटना सामने आई थी। इसके बाद लाखांदुर पुलिस थाना अंतर्गत मासल में अगस्त 2026 में भी जादूटोना करने के आरोप में एक व्यक्ति की हत्या कर दी गई।

महज तीन महीने के भीतर दो निर्दोष व्यक्तियों की हत्या की घटनाओं को महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने बेहद निंदनीय और चिंताजनक बताया है। समिति की ओर से कहा गया कि भंडारा जिले में अंधविश्वास और जादूटोना के नाम पर प्रताड़ना की कई घटनाएं सामने आती रही हैं। महाराष्ट्र में वर्ष 2013 से जादूटोना विरोधी कानून अस्तित्व में है, लेकिन जिले में इस कानून का प्रभावी क्रियान्वयन तथा व्यापक प्रचार-प्रसार नहीं हो रहा है।

bhandara witchcraft allegation two murders anti superstition committee
अकोला में अब तक ब्लैक फंगस से 15 की मौत, 75 मरीजों पर उपचार शुरू

अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने सौंपा ज्ञापन

इसके कारण जादूटोना करने के आरोप लगाकर निर्दोष लोगों को निशाना बनाए जाने की घटनाएं सामने आ रही हैं। इस मामले को लेकर महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति की ओर से तीव्र विरोध जताते हुए प्रशासन से जादूटोना विरोधी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने तथा उसके प्रचार-प्रसार की मांग की गई है।

साथ ही समिति ने जिले के प्रत्येक पुलिस थाने में जादूटोना विरोधी कानून के लिए विशेष कक्ष स्थापित करने, जादूटोना के आरोप लगाकर होने वाले विवादों के पीछे मुख्य सूत्रधार की भूमिका निभाने वाले ढोंगी बाबा और दलालों की पहचान कर उनके खिलाफ पुलिस द्वारा सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने सौंपा ज्ञापन

इसके कारण जादूटोना करने के आरोप लगाकर निर्दोष लोगों को निशाना बनाए जाने की घटनाएं सामने आ रही हैं। इस मामले को लेकर महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति की ओर से तीव्र विरोध जताते हुए प्रशासन से जादूटोना विरोधी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने तथा उसके प्रचार-प्रसार की मांग की गई है।

साथ ही समिति ने जिले के प्रत्येक पुलिस थाने में जादूटोना विरोधी कानून के लिए विशेष कक्ष स्थापित करने, जादूटोना के आरोप लगाकर होने वाले विवादों के पीछे मुख्य सूत्रधार की भूमिका निभाने वाले ढोंगी बाबा और दलालों की पहचान कर उनके खिलाफ पुलिस द्वारा सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

Navbharat Live
navbharatlive.com