-
शुक्र, 3 जुलाई 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- Maharashtra »
- Bhandara »
- Bhandara Water Crisis Rivers Dry Up Groundwater Level Drop 1 5m
भंडारा में बूंद-बूंद को तरसेंगे लोग, मार्च में ही रेगिस्तान बनीं नदियां, 1.5 मीटर नीचे गिरा पाताल का पानी
- Written By: प्रिया जैस
Bhandara Water Scarcity: भंडारा में जल प्रलय की आहट! मार्च में ही सूखी सूर और चुलबंद नदियां। भूजल स्तर 1.5 मीटर गिरा; रेत तस्करी और ग्रीष्मकालीन धान ने सोख लिया जमीन का पानी।

नदी बने रेगिस्तान (सौजन्य-नवभारत)
Ground Water Survey Bhandara: भंडारा जिले में भीषण गर्मी की आधिकारिक शुरुआत से पहले ही पानी की किल्लत का साया गहराने लगा है। मार्च महीने के मध्य में ही जिले की सूर और चुलबंद जैसी महत्वपूर्ण नदियां पूरी तरह सूख चुकी हैं और अब इन नदी पात्रों ने रेगिस्तान का स्वरूप धारण कर लिया है।
धान फसल के लिए अधिक पानी, रेत तस्करी
पिछले मानसून में संतोषजनक बारिश होने के बावजूद, गर्मी के धान के लिए पानी के बेतहाशा उपयोग और अवैध रेत तस्करी के कारण भूजल स्तर तेजी से नीचे चला गया है। यह स्थिति आने वाले अप्रैल और मई के महीनों में जिले के लिए बड़े खतरे का संकेत दे रही है। भंडारा जिला प्राकृतिक रूप से जल संसाधनों से समृद्ध माना जाता है, लेकिन इस बार मार्च में ही नदियों की स्थिति चिंताजनक हो गई है।
जिले की जीवनदायीनी कही जाने वाली वैनगंगा नदी का प्रवाह भी गोसीखुर्द बांध के बाहरी क्षेत्रों में काफी धीमा पड़ गया है। कई जगहों पर केवल रेत के ढेर और छोटे गड्ढे ही दिखाई दे रहे हैं। तुमसर और मोहाडी तहसील से बहने वाली सूर नदी तथा साकोली व लाखांदुर की चुलबंद नदी का तल पूरी तरह उघड़ चुका है। नदियों के सूखने से उन पर आधारित ग्रामीण जलापूर्ति योजनाएं भी संकट में पड़ गई हैं, जिससे कई गांवों में प्यास बुझाने का संघर्ष शुरू हो गया है।
सम्बंधित ख़बरें
भंडारा में शालाएं खुलीं लेकिन 50 स्कूलों से शिक्षक ही गायब: शिक्षा समिति ने भर्ती के लिए पारित किया प्रस्ताव
भंडारा में मनपा की ५ दुकाने सील, व्यापारियों ने केबिन के सामने सब्जिया फेंक कर किया आंदोलन
भंडारा के परियोजनाओं में महज 18.91% पानी शेष, खरीफ फसलों पर मंडराया सूखा संकट, खरीफ फसल पर सूखा संकट
भंडारा में कृषि दिवस पर प्रगतिशील किसानों का सम्मान, आधुनिक खेती पर दिया गया मार्गदर्शन
भूजल स्तर में भारी गिरावट
भूजल सर्वेक्षण विभाग के आंकड़ों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। जिले की 74 निरीक्षण कुओं के माध्यम से की गई जांच में पता चला है कि पिछले 5 वर्षों के औसत की तुलना में भूजल स्तर 0.50 से 1.5 मीटर तक नीचे चला गया है। विशेष रूप से लाखांदुर, साकोली और मोहाडी तहसील इस गिरावट से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण कार्यों के दौरान रेन वॉटर हार्वेस्टिंग की अनदेखी और बोरवेल के बढ़ते अनियंत्रित इस्तेमाल ने स्थिति को और बिगाड़ दिया है। इसके साथ ही, जिले के 33 रेत घाटों पर होने वाले अवैध उत्खनन ने जमीन की जल संचयन की प्राकृतिक क्षमता को पूरी तरह खत्म कर दिया है, जिससे वॉटर रिचार्ज की प्रक्रिया बाधित हुई है।
- सूख चुकी प्रमुख नदियां सूर, चुलबंद
- प्रभावित प्रमुख नदी: वैनगंगा (प्रवाह धीमा)
- भूजल स्तर में गिरावट: 0.50 से 1.5 मीटर
- जांच किए गए निरीक्षण कुएं 74
- सबसे प्रभावित तहसील: लाखांदुर, साकोली, मोहाडी
संकट के कारण
- ग्रीष्मकालीन धान के लिए अत्यधिक पानी उपयोग
- अवैध रेत उत्खनन
- रेन वॉटर हार्वेस्टिंग की अनदेखी
- बोरवेल का अनियंत्रित उपयोग
जमीनी तस्वीर
- नदी तल में रेत के ढेर और गड्ढेट
- सूखी नदी में तरबूज-खरबूज की खेती
यह भी पढ़ें – मोदी कैबिनेट में महाराष्ट्र से नए चेहरे..प्रफुल को सुनेत्रा को मनाने का इनाम, जूनियर शिंदे का भी होगा प्रमोशन!
…पानी का सदयोग करें
धान की ग्रीष्मकालीन खेती और बढ़ते निर्माण कार्यों के लिए पानी का बेहिसाब इस्तेमाल हमारे भूजल भंडार को तेजी से खत्म कर रहा है। यदि समय रहते जल संरक्षण के ठोस उपाय नहीं किए गए और नागरिक पानी के किफायती उपयोग पर ध्यान नहीं देंगे, तो आने वाले महीनों में स्थिति और भी भयावह हो सकती है। फिलहाल ग्रामीण क्षेत्रों में कुओं का जलस्तर भी काफी नीचे जा चुका है, जिससे नागरिकों में अभी से टैंकर पर निर्भर होने की नौबत आने का डर समा गया है।
- डॉ. योगेंद्रप्रसाद दुबे, वरिष्ठ भूवैज्ञानिक
पशुधन और वन्यजीवों पर संकट
नदियों और नालों के सूखने का सबसे बुरा असर ग्रामीण क्षेत्रों में पशुधन पर पड़ रहा है। चारे और पानी की कमी के कारण मवेशियों के सामने जीवन का संकट खड़ा हो गया है। वहीं, जंगलों के प्राकृतिक जल स्रोत सूखने से वन्यजीवों के भी पानी की तलाश में मानवीय बस्तियों की ओर आने का खतरा बढ़ गया है, जिससे मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं बढ़ सकती हैं।
दूसरी ओर, नदियों के सूखे पात्रों में अब बड़े पैमाने पर तरबूज और खरबूजे की खेती की जा रही है। हालांकि यह स्थानीय किसानों के लिए आय का साधन है, लेकिन यह इस कड़वे सच का प्रमाण भी है कि नदियों की मुख्य धारा अब लुप्त होने के कगार पर है।
Bhandara water crisis rivers dry up groundwater level drop 1 5m
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Aaj Ka Rashifal 03 July 2026: जानें शुक्रवार का दैनिक राशिफल, सभी 12 राशियों का भविष्यफल
Jul 03, 2026 | 12:10 AMथर्मल पावर प्लांट की चुनौतियों की समीक्षा, श्रम मंत्री आकाश फुंडकर ने दिए सुरक्षा मजबूत करने के निर्देश
Jul 02, 2026 | 11:57 PMमुख्यमंत्री चिकित्सा सहायता निधि से मिली राहत, 100 वर्षीय महिला की समय पर हुई सर्जरी
Jul 02, 2026 | 11:25 PMपेपर लीक से राम मंदिर विवाद तक… MP कांग्रेस का बड़ा ऐलान, आज से पूरे प्रदेश में ‘गूंज आंदोलन’
Jul 02, 2026 | 11:17 PMAlliance Twist: वंशज सिंह पर भड़के कुशल टंडन, गुस्से में दी धमकी, कुणाल खेमू ने बीच में आकर दी सख्त चेतावनी
Jul 02, 2026 | 11:13 PMपीएम को नहीं, पाक आर्मी चीफ को भेजें पत्र; भारत-पाकिस्तान के प्रबुद्ध जीवों के खुले खत पर भड़के कृष्णा हेगड़े
Jul 02, 2026 | 11:09 PMAlpha Q Song: हुमा कुरैशी की फिल्म ने आलिया भट्ट की ऐल्फा पर साधा निशाना, रिलीज से पहले नए गाने ने बढ़ाई चर्चा
Jul 02, 2026 | 10:57 PMवीडियो गैलरी

एक और बड़ा मंदिर घोटाला, मां तुलजा भवानी की 4,121 एकड़ जमीन सरकारी कागजों से गायब; VIDEO वायरल
Jul 02, 2026 | 09:48 PM
Exclusive: हां.. मीनाक्षी नटराजन के केस के बारे में हमें सोर्स ने बताया था, हेमंत खंडेलवाल ने खोले कई राज
Jul 02, 2026 | 05:14 PM
पुणे मर्डर केस में नया मोड़! केतन का मजाक उड़ाने वाली फीमेल डॉक्टर 5 साल के लिए ब्लैकलिस्ट
Jul 01, 2026 | 11:00 PM
वाराणसी दालमंडी कॉरिडोर का रास्ता साफ, भारी फोर्स के बीच 5 मस्जिदों पर कार्रवाई शुरू; देखें VIDEO
Jul 01, 2026 | 10:45 PM
Atiq Ahmed: अतीक की जमीन पर बनेगा गरीबों का आशियाना, PDA लाने जा रहा प्लान; देखें VIDEO
Jul 01, 2026 | 10:34 PM
‘मरने के बाद कोई…’, सना खान के ‘कयामत’ वाले VIDEO ने इंटरनेट पर मचाया बवाल; सोशल मीडिया पर खूब हो रहा वायरल
Jul 01, 2026 | 08:43 PM














